Amroha जनपद में स्वास्थ्य विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने मिलकर एक बड़े और अवैध भ्रूण लिंग परीक्षण रैकेट का भंडाफोड़ किया है। यह पूरी कार्रवाई हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गंगा बांध के पास चक की मड़ैया सतैड़ा गांव में अंजाम दी गई। मुखबिर की सटीक सूचना पर जब टीम ने गांव में छापेमारी की, तो वहां अवैध रूप से पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन के जरिए कोख में पल रहे बच्चों का लिंग परीक्षण किया जा रहा था। रंगेहाथ पकड़े जाने पर गिरोह में हड़कंप मच गया।
मुख्य आरोपी देवेंद्र जंगल से गिरफ्तार, दिल्ली-हरियाणा से जुड़े थे तार
छापेमारी के दौरान गिरोह का मुख्य सरगना और मुख्य आरोपी देवेंद्र टीम को देखकर मौके से भाग निकला। हालांकि, मुस्तैद पुलिस कर्मियों ने हार नहीं मानी और जंगल में काफी दूर तक पीछा करने के बाद आरोपी देवेंद्र को धर दबोचा। इस पूरी कार्रवाई में पुलिस ने मौके से छह लोगों को गिरफ्तार किया है। चौंकाने वाली बात यह है कि गिरफ्तार किए गए लोगों में दिल्ली और हरियाणा से आई तीन गर्भवती महिलाएं भी शामिल हैं, जो यहां लिंग जांच कराने के लिए पहुंची थीं। इससे साफ जाहिर होता है कि इस अवैध गिरोह के तार अंतरराज्यीय स्तर पर जुड़े हुए थे।
मौके से पोर्टेबल मशीन और 1.33 लाख रुपये नकद बरामद
जांच टीम ने मौके से भ्रूण लिंग परीक्षण में धड़ल्ले से इस्तेमाल की जा रही अवैध पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन को अपने कब्जे में ले लिया है। इसके साथ ही, अवैध रूप से वसूली गई 1 लाख 33 हजार रुपये की भारी-भरकम नकदी भी मौके से बरामद की गई है। इस गिरोह के खिलाफ पुलिस का शिकंजा और कसता जा रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने इस रैकेट से जुड़े कुल 13 लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है और फरार चल रहे अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए आगे की कानूनी जांच और छापेमारी तेज कर दी है।






