Womens Hockey Asia Cup: भारत की युवा महिला खिलाड़ियों ने खेल के मैदान पर एक बार फिर देश का मस्तक गर्व से ऊंचा करते हुए इतिहास के पन्नों में अपना नाम स्वर्णिम अक्षरों से दर्ज करा लिया है। अंडर-18 महिला हॉकी एशिया कप 2026 के एक बेहद एकतरफा और रिकॉर्ड तोड़ मुकाबले में भारतीय जूनियर महिला हॉकी टीम ने सिंगापुर को 25-0 के ऐतिहासिक अंतर से मटियामेट कर दिया। पूल-ए के इस आखिरी मुकाबले में भारतीय टीम ने खेल के पहले मिनट से लेकर आखिरी मिनट तक मैच पर अपना पूर्ण नियंत्रण और दबदबा बनाए रखा। भारतीय बेटियों की इस अविश्वसनीय और धमाकेदार फॉर्म के आगे सिंगापुर की पूरी टीम बेबस और लाचार नजर आई। इस विशाल जीत के साथ ही भारतीय टीम ने पूल-ए में अपने सभी मुकाबले जीतकर अजेय रहते हुए बेहद शान से सेमीफाइनल (नॉकआउट चरण) का टिकट कटा लिया है। 90 मिनट के इस खेल में लगातार अंतराल पर हुए 25 गोलों के साथ यह मुकाबला अंडर-18 अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अब तक की सबसे बड़ी जीत के रूप में दर्ज हो चुका है।
Womens Hockey Asia Cup: नम्मी गीताश्री बनीं ‘प्लेयर ऑफ द मैच’
इस ऐतिहासिक मुकाबले में भारतीय फारवर्ड पंक्ति ने आक्रामक हॉकी का ऐसा बेजोड़ प्रदर्शन किया जिसने सिंगापुर के पूरे डिफेंस को ताश के पत्तों की तरह बिखेर दिया। भारत की स्टार खिलाड़ी नूशिन नाज इस मैच की सबसे बड़ी नायक साबित हुईं, जिन्होंने अकेले विपक्षी टीम के खिलाफ गोलों की बौछार करते हुए 7 शानदार गोल (8वें, 13वें, 17वें, 18वें, 40वें, 52वें और 58वें मिनट में) दाग दिए। नूशिन के इस आक्रामक प्रहार के साथ-साथ शानदार खेल दिखाने वाली नम्मी गीताश्री को उनके बेहतरीन खेल और व्यक्तिगत 5 शानदार गोल ठोकने के लिए ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ के प्रतिष्ठित पुरस्कार से नवाजा गया। भारतीय खिलाड़ियों ने मुकाबले के चारों क्वार्टर में विपक्षी टीम को संभलने या जवाबी रणनीति बनाने का एक भी मौका नहीं दिया और लगातार हमले जारी रखे।
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स्वीटी कुजूर के 4 गोल और दिया की शानदार हैट्रिक ने सुनिश्चित की महा-जीत
मैच की शुरुआत भारत के लिए बेहद आक्रामक रही, जहाँ स्वीटी कुजूर ने मैच के दूसरे ही मिनट में मैदानी गोल दागकर भारत का खाता खोल दिया था। स्वीटी ने पूरे मैच में शानदार खेल कौशल दिखाते हुए कुल 4 गोल (दूसरे, 24वें, 38वें और 45वें मिनट में) अपने नाम किए। इसके साथ ही भारत की प्रतिभावान खिलाड़ी दिया ने भी मैदान पर अपनी हॉकी का जादू बिखेरा और मैच के 27वें, 32वें और 53वें मिनट में शानदार फील्ड गोल दागकर अपनी बेहतरीन हैट्रिक पूरी की। ग्रुप स्टेज में लगातार जीत और इस अभूतपूर्व प्रदर्शन के बाद भारतीय टीम का आत्मविश्वास अब सातवें आसमान पर पहुंच चुका है। टीम के मुख्य कोच ने इस ऐतिहासिक जीत पर बेहद खुशी जाहिर करते हुए कहा कि सभी खिलाड़ी मैदान पर अपनी रणनीतियों और योजनाओं को शत-प्रतिशत लागू कर रहे हैं, जो आगामी सेमीफाइनल और खिताबी मुकाबले के लिहाज से देश के लिए बेहद सकारात्मक और शुभ संकेत हैं।
