Amarnath yatra 2026: अगर आप भी इस बार बाबा बर्फानी के दर्शन की योजना बना रहे थे, तो आपके लिए एक जरूरी अपडेट है। खराब मौसम और रास्तों को पहुंचे नुकसान को देखते हुए अमरनाथ यात्रा 2026 को अनिश्चितकाल के लिए रोक दिया गया है।
रास्तों का नुकसान और मौसम का हाल
अधिकारियों के मुताबिक, बालटाल (Baltal) और पहलगाम (Pahalgam) दोनों ही मुख्य मार्गों पर ट्रैक काफी क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इन्हें दोबारा ठीक करने में अच्छा-खासा समय लगेगा। इसके अलावा मौसम विभाग ने अगले दो दिनों में जम्मू-कश्मीर में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। पवित्र गुफा समुद्र तल से 3,880 मीटर की ऊंचाई पर है, इसलिए इतने खराब मौसम में यात्रा जारी रखना जोखिम भरा हो सकता था। इसी वजह से प्रशासन ने सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह कदम उठाया है।
श्रद्धालुओं के लिए प्रशासन के निर्देश
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए अमरनाथ यात्रा के लिए नए रजिस्ट्रेशन बंद कर दिए गए हैं। अब किसी भी नए यात्री को कश्मीर घाटी की ओर जाने की अनुमति नहीं मिलेगी। जो श्रद्धालु जम्मू के भगवती नगर यात्री निवास या बेस कैंप पर रुके हुए हैं, उनसे वापस अपने घर लौटने की अपील की गई है। घाटी से फिलहाल सिर्फ उन्हीं वाहनों को जाने दिया जा रहा है जो श्रद्धालुओं को वापस ला रहे हैं।
अब तक की यात्रा और छड़ी मुबारक
3 जुलाई से शुरू हुई 57 दिनों की इस यात्रा में अब तक 4.80 लाख से अधिक श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं। इस साल सुरक्षा कारणों से बेस कैंप के आगे के क्षेत्र को ‘नो-फ्लाई जोन’ रखा गया था, इसलिए हेलीकॉप्टर सेवा उपलब्ध नहीं थी। सेना, सीएपीएफ और पुलिस के कड़े इंतजामों की वजह से यात्रा बिना किसी अड़चन के शांतिपूर्ण तरीके से चली। अब 28 अगस्त को पारंपरिक पहलगाम मार्ग से ‘छड़ी मुबारक’ पवित्र गुफा तक पहुंचेगी, जिसके साथ ही इस साल की यात्रा का औपचारिक समापन होगा।







