‘भारत और अंगोला मिलकर बनाएंगे उज्जवल भविष्य’: राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा, वंदे भारत जैसी ट्रेन अब यहां भी संभव

राष्ट्रपति मुर्मु

Share This Article

India-Angola Relations: राष्ट्रपति मुर्मु ने भारत और अंगोला के बीच मजबूत साझेदारी की बात कही और कहा कि दोनों देश मिलकर उज्जवल भविष्य का निर्माण करेंगे। राष्ट्रपति मुर्मू 8 से 11 नवंबर तक अंगोला और 11 से 13 नवंबर तक बोत्सवाना के दौरे पर रहेंगी।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि भारत और अंगोला के बीच मजबूत और गहरे संबंध हैं और दोनों देश अंतरराष्ट्रीय मंचों पर एक-दूसरे का लगातार समर्थन करते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि भारत अंगोला के अफ्रीका में शांति, सुरक्षा और स्थिरता बनाए रखने के प्रयासों की सराहना करता है। राष्ट्रपति ने कहा कि भारत हमेशा संवाद और शांतिपूर्ण समाधान का पक्षधर रहा है। भारत और अंगोला संयुक्त राष्ट्र समेत अन्य अंतरराष्ट्रीय मंचों पर एक-दूसरे का समर्थन करते हैं और दोनों ने इस बात पर सहमति जताई कि संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधार की आवश्यकता है ताकि यह और अधिक प्रभावी बन सके। उन्होंने कहा कि इस दिशा में भारत को अंगोला के निरंतर समर्थन की उम्मीद है।

राष्ट्रपति मुर्मु

‘वंदे भारत ट्रेनें अंगोला तक संभव, युवाओं के कौशल विकास पर जोर’ – राष्ट्रपति मुर्मु

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने कहा कि भारत की ‘मेड इन इंडिया’ वंदे भारत सेमी हाई-स्पीड ट्रेनें देश की रेलवे प्रणाली में क्रांति ला रही हैं और इन्हें अंगोला में भी उपलब्ध कराया जा सकता है। उन्होंने दोनों देशों की बड़ी युवा आबादी पर ध्यान केंद्रित करते हुए कहा कि यह आवश्यक है कि युवा भविष्य के लिए आवश्यक कौशल हासिल करें। राष्ट्रपति ने शिक्षा, तकनीक और कौशल विकास के क्षेत्रों में भारत-अंगोला सहयोग को और मजबूत करने पर जोर दिया।

‘लुआंडा में राष्ट्रपति मुर्मु का औपचारिक स्वागत, भारत-अंगोला संबंधों को बल’

रविवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु का अंगोला की राजधानी लुआंडा में औपचारिक स्वागत किया गया, जिसमें अंगोला के राष्ट्रपति जोआओ लौरेंको भी मौजूद थे। यह यात्रा भारत और अंगोला के बीच कूटनीतिक संबंधों के 40 वर्ष पूरे होने के अवसर पर की गई है। विदेश मंत्रालय ने बताया कि राष्ट्रपति मुर्मु का यह दौरा दोनों देशों के संबंधों को और अधिक मजबूत करेगा।

‘अंगोला के बाद बोत्सवाना जाएंगी राष्ट्रपति मुर्मु, अफ्रीका के साथ भारत के सहयोग को बढ़ावा’

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु अंगोला के दौरे के बाद बोत्सवाना का भी दौरा करेंगी। यह पहली बार है कि किसी भारतीय राष्ट्रपति ने अंगोला का राजकीय दौरा किया है। राष्ट्रपति भवन के अनुसार, यह यात्रा अफ्रीका और ग्लोबल साउथ के देशों के साथ भारत के बढ़ते सहयोग का प्रतीक है। विदेश मंत्रालय के अधिकारी सुधाकर दलेला ने बताया कि इस दौरे में राजनीति, अर्थव्यवस्था, विकास और संस्कृति से जुड़े साझेदारी के मुद्दों पर चर्चा होगी। इसके साथ ही बोत्सवाना से चीता लाने की संभावना पर भी विचार किया जा सकता है। बोत्सवाना में राष्ट्रपति व्यापार, निवेश, तकनीक, कृषि, स्वास्थ्य और रक्षा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा करेंगी और वहां की संसद को भी संबोधित करेंगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Are you human? Please solve:Captcha


Live Channel

Advertisement

[wonderplugin_slider id=1]

Live Poll

[democracy id="2"]

Also Read This