Skin Whitening Cream : आजकल हर कोई बेदाग और निखरी त्वचा चाहता है, और इसी चाहत का फायदा उठाती हैं बाजार में मिलने वाली कई फेयरनेस क्रीमें। लेकिन क्या आप जानते हैं कि कुछ ही दिनों में त्वचा को गोरा और चमकदार बनाने का दावा करने वाली ये क्रीमें आपकी सेहत के लिए कितनी खतरनाक साबित हो सकती हैं? हाल ही में महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) ने एक जांच के बाद कुछ प्रसिद्ध Skin Whitening Cream ब्रांड्स को लेकर एक गंभीर चेतावनी जारी की है। जांच में पाया गया है कि इन उत्पादों में तय सीमा से कई गुना ज्यादा मरकरी (पारा) और लेड (सीसा) जैसे भारी तत्व मिले हुए हैं, जो आपके शरीर को अंदर से बीमार कर सकते हैं।
गोरा बनाने के चक्कर में अंगों पर असर
FDA की इस कार्रवाई में जिन उत्पादों के नाम सामने आए हैं, उनमें कई नामी ब्यूटी क्रीम, बॉडी लोशन और साबुन शामिल हैं। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि इनमें से कुछ उत्पादों पर तो मैनुफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट जैसी जरूरी जानकारी भी नहीं लिखी थी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि गोरापन देने का दावा करने वाली Skin Whitening Cream में मरकरी का इस्तेमाल इसलिए किया जाता है क्योंकि यह त्वचा में मेलानिन (वह तत्व जो त्वचा को रंग देता है) बनने की प्रक्रिया को रोक देता है। इससे भले ही आप 10-15 दिनों में गोरे दिखने लगें, लेकिन इसका लगातार इस्तेमाल आपकी किडनी और दिमाग को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है।
केवल त्वचा ही नहीं, पूरे शरीर को खतरा
डॉक्टरों के मुताबिक, जब आप किसी ऐसी Skin Whitening Cream को चेहरे पर लगाते हैं, तो मरकरी केवल त्वचा की ऊपरी सतह तक सीमित नहीं रहता। यह स्किन के जरिए सोख लिया जाता है और धीरे-धीरे आपके खून, किडनी और बोन मैरो में जमा होने लगता है। अगर क्रीम में मरकरी की मात्रा बहुत ज्यादा है, तो महज 10 से 12 दिनों के भीतर ही किडनी पर इसका बुरा असर दिखना शुरू हो सकता है। इसके अलावा, इसकी वजह से न्यूरोलॉजिकल समस्याएं जैसे हाथ कांपना, याददाश्त कमजोर होना, घबराहट, नींद न आना और स्वभाव में चिड़चिड़ापन जैसी दिक्कतें भी सामने आने लगती हैं।
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लेड और केमिकल्स का जानलेवा कॉम्बिनेशन
जांच के दौरान इन क्रीमों में लेड (सीसा) भी तय सीमा से काफी ज्यादा पाया गया है। स्किन एक्सपर्ट्स साफ कहते हैं कि लेड का त्वचा को गोरा करने में कोई वैज्ञानिक इस्तेमाल नहीं है। दरअसल, खराब क्वालिटी के कच्चे माल या असुरक्षित तरीके से क्रीम बनाने के कारण यह लेड इसमें मिल जाता है। जब कोई खराब Skin Whitening Cream हमारे शरीर में लेड और मरकरी दोनों को एक साथ पहुंचाती है, तो खतरा दोगुना हो जाता है। लेड हमारे दिमाग, प्रजनन तंत्र और खून बनाने वाले अंगों को बुरी तरह प्रभावित करता है। इसलिए डॉक्टर सलाह देते हैं कि बिना डॉक्टरी पर्चे या जांच के ऐसी किसी भी क्रीम का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए।
खूबसूरत दिखने की होड़ में किसी भी अनजानी Skin Whitening Cream का इस्तेमाल करना आपके लिए जानलेवा साबित हो सकता है। अगर आपको चेहरे पर दाग-धब्बे या पिग्मेंटेशन की कोई समस्या है, तो शॉर्टकट अपनाने के बजाय हमेशा किसी सर्टिफाइड स्किन एक्सपर्ट या डर्मेटोलॉजिस्ट से सलाह लें। रातोंरात गोरा करने का दावा करने वाले विज्ञापनों के बहकावे में न आएं, क्योंकि आपकी सेहत आपके रंग से कहीं ज्यादा कीमती है।







