Indian Railways News : रेल से सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक बहुत ही शानदार खबर सामने आई है! अगर आप अक्सर बुंदेलखंड से अवध क्षेत्र के बीच सफर करते हैं, तो अब आपका सफर बहुत ही आसान और आरामदायक होने वाला है। भारतीय रेलवे ने यात्रियों की भारी मांग और भीड़ को देखते हुए चित्रकूटधाम कर्वी-कानपुर सेंट्रल एक्सप्रेस और मां बेल्हा देवी धाम प्रतापगढ़-कानपुर सेंट्रल एक्सप्रेस के विलय (Merge) को मंजूरी दे दी है। इस फैसले से अब चित्रकूट और प्रतापगढ़ के बीच सीधी रेल सेवा शुरू हो जाएगी।
12 से बढ़कर सीधे 24 कोच होंगे, अब आसानी से मिलेगी कंफर्म सीट
इस नए फैसले की सबसे खास और बड़ी बात यह है कि ट्रेन में यात्रियों की क्षमता को दोगुना कर दिया गया है। अभी तक यह ट्रेन केवल 12 कोच के साथ चलती थी, जिसे अब बढ़ाकर सीधे 24 कोच कर दिया जाएगा। इससे सीटों की संख्या बढ़ेगी और कानपुर-प्रतापगढ़ रूट पर सफर करने वाले यात्रियों को नो-स्क्रीनिंग या भारी वेटिंग का सामना नहीं करना पड़ेगा। भीड़ कम होने से यात्रियों को कम समय और किफायती किराए पर एक बेहतरीन सफर का अनुभव मिलेगा।
अक्सर तीर्थयात्रा या पढ़ाई-लिखाई के काम से सफर करने वाले लोगों को कानपुर सेंट्रल पर उतरकर दूसरी ट्रेन पकड़नी पड़ती थी। लेकिन अब मां बेल्हा देवी धाम प्रतापगढ़, लखनऊ, कानपुर और धार्मिक नगरी चित्रकूट के बीच सीधा संपर्क बन गया है। इस संयुक्त सेवा के कारण यात्रियों को अब बीच रास्ते में ट्रेन बदलने की कोई जरूरत नहीं होगी। इससे छात्रों, नौकरीपेशा लोगों, मरीजों और तीर्थयात्रियों का काफी समय और पैसा दोनों बचेगा।
अवध और बुंदेलखंड के बीच बनेगा एक मजबूत रेल गलियारा
यह ट्रेन रायबरेली, अमेठी, गौरीगंज, उन्नाव, बांदा और अतर्रा जैसे कई बड़े और प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरेगी। इस विलय से अवध और बुंदेलखंड क्षेत्र आपस में सीधे तौर पर जुड़ जाएंगे। चित्रकूट जैसे ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और धार्मिक केंद्र तक कनेक्टिविटी बेहतर होने से स्थानीय पर्यटन, व्यापार और रोजगार को भी एक नई दिशा मिलेगी। साथ ही रेलवे के पास मौजूद संसाधनों का भी सही और प्रभावी इस्तेमाल हो सकेगा।







