Lucknow के Mohanlalganj थाना क्षेत्र से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। सिसेंडी गांव स्थित सई नदी में गणपति विसर्जन (Ganesh Visarjan) के दौरान 3 युवक गहरे पानी में चले जाने के कारण डूब गए। उत्सव के माहौल के बीच हुई इस घटना से पूरे इलाके में सन्नाटा पसर गया है। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत व बचाव कार्य शुरू किया गया।
डांस करते समय गहराई में जाने से हुआ हादसा
मंगलवार शाम करीब 5 बजे सिसेंडी गांव के ग्रामीण ढोल-नगाड़ों की धुन पर नाचते-गाते सई नदी के तट पर भगवान गणेश की प्रतिमा विसर्जन के लिए पहुंचे थे। सभी भक्त भक्ति भाव में मगन थे। इसी दौरान हरी प्रसाद और धीरज नाम के दो युवक डांस करते-करते नदी के गहरे पानी की तरफ चले गए और संतुलन बिगड़ने के कारण डूबने लगे।
दोस्तों को पानी में संघर्ष करता देख उनका तीसरा साथी प्रमोद उन्हें बचाने के लिए बिना सोचे-समझे नदी में कूद पड़ा। हालांकि, पानी का बहाव और गहराई ज्यादा होने के कारण प्रमोद भी खुद को संभाल नहीं सका और तीनों युवक नदी में समा गए। आसपास मौजूद लोगों ने जब तीनों को डूबते देखा तो चीख-पुकार मच गई।
गोताखोरों और SDRF की टीम का सर्च ऑपरेशन
स्थानीय पुलिस को जैसे ही घटना की सूचना मिली, इंस्पेक्टर रामबाबू सिंह अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे। शुरुआत में पुलिस ने स्थानीय गोताखोरों की मदद से नदी में तीनों युवकों की तलाश शुरू कराई। काफी प्रयासों के बाद भी जब उनका कोई सुराग नहीं मिला, तो प्रशासन ने राज्य आपदा मोचन बल यानी SDRF की टीम को मौके पर बुलाया।
ADCP दक्षिणी रल्लापल्ली वसंथ कुमार ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। SDRF की टीम ने देर रात तक नदी में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया।
गांव में शोक का माहौल
नदी में डूबे तीनों युवक—हरी प्रसाद, धीरज और प्रमोद—एक ही गांव के रहने वाले थे और आपस में गहरे दोस्त थे। तीनों पेशे से पेंटिंग का काम करते थे और परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। हादसे की जानकारी मिलते ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में मातम छाया हुआ है।


