CM Yogi Gorakhpur Speech: आज से 8-9 साल पहले जैसे ही मॉनसून और गर्मी का मौसम आता था, गोरखपुर और पूर्वांचल के माता-पिता की धड़कनें क्यों बढ़ जाती थीं? वजह थी मासूम बच्चों पर मंडराता ‘एन्सेफलाइटिस’ का खौफ। लेकिन आज उत्तर प्रदेश की तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है।
हाल ही में गोरखपुर पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुराने दौर को याद करते हुए एक बड़ी बात कही। सीएम योगी ने कहा कि आज यूपी में Encephalitis भी माफिया और मच्छर की तरह पूरी तरह समाप्त हो गया है। आइए समझते हैं कि आखिर गोरखपुर और पूरे यूपी में यह ऐतिहासिक बदलाव कैसे आया।
बीआरडी मेडिकल कॉलेज का वो दर्दनाक दौर
सीएम योगी ने याद दिलाया कि एक समय था जब गोरखपुर में स्वास्थ्य सुविधा का एकमात्र केंद्र बीआरडी मेडिकल कॉलेज हुआ करता था। लेकिन वहां की स्थिति कैसी थी? एक ही बेड पर चार-चार बीमार बच्चे लेटे रहते थे। थर्ड फ्लोर पर बिना पंखे, बिना टॉयलेट और बिना किसी बुनियादी सुविधा के इलाज कराने को लोग मजबूर थे। जो मेडिकल कॉलेज खुद बीमार और अस्वस्थ था, वो दूसरों की जान कैसे बचाता?
उस दौर में तड़पते बच्चों और दम तोड़ते बचपन को देखना हर किसी के लिए बेहद कठिन था।
75 जिलों में 85 मेडिकल कॉलेज और 2 एम्स
लेकिन आज स्थिति बिल्कुल बदल चुकी है। सीएम योगी ने बताया कि जिस यूपी पर कभी खराब स्वास्थ्य सेवाओं का बदनुमा दाग लगा था, आज वही राज्य ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कॉलेज’ के लक्ष्य को हासिल कर चुका है।
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85 मेडिकल कॉलेज: यूपी के 75 जिलों में आज 85 मेडिकल कॉलेज काम कर रहे हैं।
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2 AIIMS: गोरखपुर और रायबरेली में दो विश्वस्तरीय एम्स सफलतापूर्वक संचालित हो रहे हैं।
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सुपर स्पेशलिटी सेंटर: आज बीआरडी मेडिकल कॉलेज सिर्फ एन्सेफलाइटिस ही नहीं, बल्कि हर गंभीर बीमारी के इलाज का एक प्रमुख सुपर स्पेशलिटी सेंटर बन चुका है।
माफियाराज खत्म, सुरक्षित हुए डॉक्टर्स और नागरिक
एक वक्त था जब इसी गोरखपुर में डॉक्टरों को रंगदारी के फोन आते थे, उनका अपहरण होता था और चेंबर में घुसकर मारपीट की जाती थी। डॉक्टर्स को बचाने के लिए खुद सड़कों पर आंदोलन करना पड़ता था।
आज माफिया से मुक्ति मिलते ही माहौल पूरी तरह बदल गया है। अब गोरखपुर का हर डॉक्टर, व्यापारी और आम नागरिक खुद को सुरक्षित महसूस कर रहा है। इसके अलावा, आंगनवाड़ी केंद्र जो कभी जर्जर हालत में हुआ करते थे, आज वे भी संवर चुके हैं और देखने लायक बन गए हैं।
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