सोनभद्र टोल प्लाजा मारपीट मामला: महिला अधिवक्ता से बदसलूकी, दो आरोपी गिरफ्तार

सोनभद्र

Share This Article

सोनभद्र में हुए टोल प्लाजा विवाद को लेकर पुलिस ने पीड़ित अधिवक्ता की तहरीर पर दो कर्मियों के खिलाफ मुक़दमा कायम कर गिरफ्तार कर लिया है और अपनी विवेचना जारी रखी है । पीड़िता अधिवक्ता और उनके सहयोगियों के अनुसार सिर्फ ये पूछे जाने पर की इतनी देर क्यों लग रही है, इसको लेकर टोल कर्मियों द्वारा गाली गलौज शुरू कर दिया गया । घटना की सूचना पर न सिर्फ अधिवक्तताओं का भारी हुजूम बल्कि भारी फोर्स भी मौके पर पहुंच कर हालात को नियंत्रित करने में जुट गई । पुलिस उपाधीक्षक रणधीर मिश्रा ने बताया कि दो टोल कर्मियों को गिरफ्तार किया जा चुका है और मामले की गहनता से जांच की जा रही है । पकड़े गए आरोपियों में रामजी तिवारी निवासी हमीरपुर और सर्वेश यादव निवासी अंबेडकरनगर शामिल हैं। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मामला व्यापक चर्चा में आ गया।

सोनभद्र

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, यह घटना रविवार दोपहर लगभग तीन बजे की है। अधिवक्ता आरती पाण्डेय अपने परिजनों के साथ कार से ओबरा से रॉबर्ट्सगंज की ओर जा रही थीं। लोढ़ी टोल प्लाजा पर तकनीकी खामी के चलते आगे खड़ी गाड़ी का संदेश सिस्टम में दर्ज नहीं हो पाया, जिससे लेन संख्या तीन में वाहन फंस गए और कुछ समय के लिए यातायात रुक गया। इसी बात को लेकर टोल कर्मियों और वाहन सवारों के बीच पहले नोकझोंक हुई, जो बाद में विवाद और मारपीट में तब्दील हो गई।

आरोप है कि टोल कर्मचारियों ने गाली-गलौज करते हुए लाठी-डंडों से अधिवक्ता के परिजनों की पिटाई की। जब अधिवक्ता आरती पाण्डेय ने बीच-बचाव करने का प्रयास किया तो उनके साथ भी अभद्र व्यवहार किया गया और जान से मारने की धमकी दी गई। इस घटना में कई लोग घायल हो गए, जिन्हें जिला मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां एक घायल की हालत गंभीर बताई जा रही है।

सोनभद्र

टोल प्लाजा पर हुए इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो वहां मौजूद राहगीरों ने अपने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। वीडियो सामने आने के बाद अधिवक्ता समुदाय में आक्रोश फैल गया और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठने लगी। पीड़िता की तहरीर के आधार पर रॉबर्ट्सगंज पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पुलिस ने अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य 7 से 8 टोल कर्मियों की पहचान की जा रही है। पुलिस का कहना है कि शेष आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।

यह भी पढ़ें: कमरावां झील बनेगी बाराबंकी की नई पहचान, वेटलैंड विकास से बढ़ेगा ईको-टूरिज्म

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Are you human? Please solve:Captcha


Live Channel

Advertisement

[wonderplugin_slider id=1]

Live Poll

[democracy id="2"]

Also Read This