देश की सबसे बड़ी घरेलू एयरलाइन INDIGO इन दिनों भारी परिचालन संकट से गुजर रही है। पिछले छह दिनों से जारी उड़ानों में देरी और कैंसिलेशन का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा। इसका सबसे बड़ा असर दिल्ली और मुंबई जैसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर देखने को मिला, जहां सोमवार को भी यात्रियों को बड़े पैमाने पर असुविधा का सामना करना पड़ा। स्थिति को देखते हुए दिल्ली एयरपोर्ट अथॉरिटी ने एक अहम एडवाइजरी जारी की है, जबकि नागर विमानन महानिदेशालय (DGCA) ने एयरलाइन को ‘कारण बताओ नोटिस’ भेजकर स्पष्टीकरण मांगा है।
दिल्ली एयरपोर्ट, जहां प्रतिदिन लगभग 1,400 उड़ानें संचालित होती हैं, सबसे अधिक प्रभावित रहा। एयरपोर्ट प्रशासन और कर्मचारियों पर यात्रियों की बढ़ती भीड़ और शिकायतों से निपटने का दबाव बढ़ गया है। मुंबई एयरपोर्ट पर भी इंडिगो की उड़ानों में देरी और रद्दीकरण ने यात्रियों को परेशानी में डाला। चूंकि मुंबई एक प्रमुख ट्रांजिट हब है, इसलिए कई कनेक्टिंग उड़ानें भी प्रभावित हुईं।
234 उड़ानें रद्द, हजारों यात्रियों पर असर
दिल्ली एयरपोर्ट पर सोमवार को कुल 234 उड़ानें रद्द हुईं, जिनमें से बड़ी संख्या इंडिगो की थी। इनमें 134 उड़ानें केवल इंडिगो की थीं, जिसमें 75 प्रस्थान (Departures) और 59 आगमन (Arrivals) वाली थी। इससे हजारों यात्रियों की यात्रा योजनाएं प्रभावित हुईं। कई यात्रियों को एयरपोर्ट पर लंबा इंतजार करना पड़ा, जबकि कई ने अपनी उड़ानों के रद्द होने या रीशेड्यूल होने के कारण वैकल्पिक यात्रा साधन ढूंढ़ने पड़े।
दिल्ली ही नहीं, देश के अन्य बड़े हवाई अड्डों पर भी स्थिति गंभीर बनी हुई है। बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर 127 उड़ानें रद्द हुईं, जबकि मुंबई एयरपोर्ट से नौ उड़ानें रद्द की गईं। मुंबई से चंडीगढ़, नागपुर, बैंगलुरु, हैदराबाद, गोवा और दरभंगा जाने वाली उड़ानें प्रभावित हुईं, जबकि दिल्ली से बनारस, इंदौर, हैदराबाद, विजयवाड़ा और जम्मू जाने वाली उड़ानें रद्द हो गईं।
दिल्ली एयरपोर्ट ने जारी की एडवाइजरी
दिल्ली एयरपोर्ट अथॉरिटी ने सोमवार सुबह 6:30 बजे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट शेयर करते हुए यात्रियों को एडवाइजरी जारी की। एयरपोर्ट प्रशासन ने कहा कि “दिल्ली एयरपोर्ट का ऑपरेशन सुचारू रूप से चल रहा है। हालांकि, कुछ उड़ानें परिचालन कारणों से रद्द या रीशेड्यूल हो सकती हैं। हमारी ग्राउंड टीम यात्रियों की सुविधा के लिए लगातार काम कर रही है। यात्रियों से अनुरोध है कि वे अपनी फ्लाइट से संबंधित अपडेट एयरलाइंस से जांचते रहें।”
एडवाइजरी में विशेष रूप से यह भी कहा गया कि जो भी यात्री एयरपोर्ट की ओर प्रस्थान कर रहे हैं, वे घर से निकलने से पहले अपनी उड़ान की स्थिति (Flight Status) की पुष्टि अवश्य कर लें, ताकि एयरपोर्ट पहुंचने के बाद असुविधा का सामना न करना पड़े।
इंडिगो में संकट क्यों?
DGCA ने 6 दिसंबर को इंडिगो को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। DGCA के अनुसार, उड़ानों में व्यापक रद्दीकरण और देरी का कारण एयरलाइन की ऑपरेशनल प्लानिंग में गंभीर कमियां हैं। नोटिस में कहा गया है कि नए Flight Duty Time Limit (FDTL) नियमों को लागू करने के लिए इंडिगो ने पर्याप्त तैयारी नहीं की, क्रू मैनेजमेंट और संसाधन प्रबंधन में बड़ी चूकें हुईं। परिचालन योजना सही तरीके से तैयार नहीं की गई, जिसके कारण हजारों यात्री प्रभावित हुए।
इन आरोपों के बाद DGCA ने इंडिगो के CEO पीटर एल्बर्स और COO व अकाउंटेबल मैनेजर इस्द्रो पोर्क्वेरास को नोटिस का जवाब देने के लिए कहा था। एयरलाइन ने जवाब हेतु अतिरिक्त समय मांगा, जिसके बाद DGCA ने उन्हें 24 घंटे और देते हुए सोमवार शाम 6 बजे तक की नई समय सीमा दी।
एविएशन मंत्रालय स्थिति पर करीबी नजर रखे हुए है। मंत्रालय के अधिकारी नियमित रूप से DGCA और एयरलाइन से स्थिति का अपडेट ले रहे हैं। इंडिगो ने उम्मीद जताई है कि परिचालन जल्द सामान्य होगा, लेकिन सोमवार की स्थिति से स्पष्ट है कि संकट अभी पूरी तरह दूर नहीं हुआ है।
यात्रियों में बढ़ रहा गुस्सा
इंडिगो देश की सबसे बड़ी घरेलू एयरलाइन है, जिसके बेड़े में 360 से अधिक विमान हैं और जो प्रतिदिन 1,800 से अधिक उड़ानें संचालित करती है। ऐसे में परिचालन संकट का प्रभाव बहुत बड़े पैमाने पर दिखाई दे रहा है।
सोशल मीडिया पर यात्रियों ने वीडियो व पोस्ट शेयर करते हुए एयरलाइन के खिलाफ नाराजगी जताई। कई लोगों ने दावा किया कि बिना पूर्व सूचना के फ्लाइट रद्द कर दी गई, जबकि कुछ यात्रियों ने कहा कि सहायता केंद्र पर भी पर्याप्त मदद उपलब्ध नहीं कराई गई।
यात्रियों के लिए क्या सलाह ?
यात्रियों को सलाह दी गई है कि अपना फ्लाइट स्टेटस एयरलाइन की वेबसाइट या ऐप पर लगातार चेक करें, एयरपोर्ट जाने से पहले कस्टमर केयर से उड़ान की पुष्टि अवश्य करें। रद्द उड़ानों के लिए रिफंड और रीबुकिंग विकल्पों की जानकारी लें। संभव हो तो वैकल्पिक उड़ानें या अन्य यात्रा साधन तलाशें।
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