18th Brics Summit: नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के सफल समापन पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह (Rajnath Singh) ने इसे भारत की एक बड़ी कूटनीतिक उपलब्धि बताया है। उन्होंने कहा कि भारत ने अपनी अध्यक्षता के दौरान लचीलेपन, इनोवेशन और सहयोग को प्राथमिकता देते हुए दुनिया के सामने एक मजबूत और सर्वसम्मत नेतृत्व का उदाहरण पेश किया है।
वैश्विक मंच पर भारत का बढ़ता प्रभाव
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी बात रखते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि 12-13 सितंबर को आयोजित इस शिखर सम्मेलन में सर्वसम्मति से अपनाया गया नई दिल्ली घोषणापत्र (New Delhi declaration) महज़ एक सरकारी दस्तावेज़ नहीं है। यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वैश्विक पटल पर भारत की मजबूत होती स्थिति और बढ़ते प्रभाव का स्पष्ट संकेत है।
उन्होंने कहा कि इस बार ब्रिक्स की गतिविधियों को सीधे आम जनता से जोड़ने पर विशेष ध्यान दिया गया। भारत की इस समावेशी और मानव-केंद्रित सोच ने पूरे सम्मेलन को एक नया आधार दिया है।
‘ग्लोबल साउथ’ को केंद्र में रखने की पहल
राजनाथ सिंह ने स्पष्ट किया कि भारत ने विकासशील और कम संपन्न देशों, यानी ‘ग्लोबल साउथ’ की आवाज को हाशिए पर रखने के बजाय वैश्विक चर्चा के केंद्र में स्थापित किया। भारत ने हमेशा से एक अधिक संतुलित, प्रतिनिधि और न्यायसंगत विश्व व्यवस्था का समर्थन किया है।
उन्होंने कहा कि ‘वसुधैव कुटुंबकम’ की हमारी प्राचीन सभ्यतागत सोच यह सिखाती है कि सही नेतृत्व का मतलब अपनी आवाज सबसे तेज रखना नहीं, बल्कि सभी देशों के बीच सबसे मजबूत सहमति बनाना है।
आतंकवाद पर सख्त रुख और कूटनीतिक तालमेल
सम्मेलन की सबसे बड़ी बातों में से एक रही आतंकवाद पर कड़ा रुख अपनाना। नई दिल्ली घोषणापत्र में पहलगाम आतंकी हमले की कड़े शब्दों में निंदा की गई और आतंकवाद से निपटने में किसी भी तरह के दोहरे मापदंड को खारिज करते हुए ‘ज़ीरो-टॉलरेंस’ की नीति पर सहमति बनी।
विभिन्न देशों के बीच चल रहे अंतरराष्ट्रीय तनावों के बावजूद पहले ही दिन साझा घोषणापत्र पर सभी सदस्यों का एकमत होना भारत के सफल कूटनीतिक प्रयासों को दर्शाता है। रक्षा मंत्री ने इस ऐतिहासिक नतीजे के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई दी।
The historic BRICS Summit has successfully concluded in New Delhi. Under the visionary leadership of PM Shri @narendramodi, India underlined Resilience, Innovation, Cooperation and Sustainability as its foremost priorities as BRICS Chair.
Guided by these priorities, India has…
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) September 14, 2026
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