लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजनीति में बड़ा बदलाव होने जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार में मंत्रिमंडल विस्तार आखिरकार कल यानी रविवार 10 मई 2026 की शाम को हो सकता है। इसकी पुष्टि करते हुए आज शनिवार शाम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ राजभवन पहुंचे और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से मुलाकात की।
यह मुलाकात काफी महत्वपूर्ण थी क्योंकि मंत्रिमंडल विस्तार से पहले राज्यपाल की औपचारिक सहमति ली जाती है। सूत्रों के मुताबिक कल शाम शपथ ग्रहण समारोह का कार्यक्रम रखा जा सकता है।
6 नए मंत्री बन सकते हैं, कुछ पुराने भी बाहर
सूत्र बता रहे हैं कि इस विस्तार में 5 से 6 नए चेहरों को मंत्री पद की शपथ दिलाई जा सकती है। फिलहाल यूपी कैबिनेट में कुल 54 मंत्री हैं। भाजपा 60 सदस्यों तक कैबिनेट बढ़ा सकती है, इसलिए अभी 6 जगहें खाली हैं।
चर्चा में ये नाम सबसे आगे:
- भूपेंद्र चौधरी (बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष)
- पूजा पाल (सपा से बागी विधायक)
- मनोज पांडे
- कृष्णा पासवान
- अशोक कटारिया
- रोमी साहनी
कुछ मौजूदा मंत्रियों के विभागों में फेरबदल भी संभव है। उम्रदराज मंत्रियों को हटाकर युवा और नये चेहरों को मौका देने की रणनीति है।
2027 चुनाव से पहले जातीय और क्षेत्रीय समीकरण साधने की तैयारी
यह विस्तार सिर्फ नामों का नहीं, बल्कि रणनीतिक माना जा रहा है। 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा दलित, पिछड़ा, ब्राह्मण, महिला और पश्चिमी उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधित्व बढ़ाना चाहती है। साथ ही सपा से बागी नेताओं को शामिल कर विपक्ष में दरार डालने की कोशिश भी है।
पार्टी सूत्रों का कहना है कि यह विस्तार योगी सरकार को नई ऊर्जा देगा और आगामी चुनाव में भाजपा को मजबूत स्थिति में लाएगा।
आज क्या हुआ राजभवन में?
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज शाम करीब 6:30 बजे राजभवन पहुंचे। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से हुई इस मुलाकात में प्रस्तावित नए मंत्रियों के नामों और शपथ समारोह की तारीख पर विस्तार से चर्चा हुई। हालांकि अभी आधिकारिक सूची जारी नहीं हुई है, लेकिन सबकी नजरें कल शाम पर टिकी हुई हैं।
राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम योगी आदित्यनाथ की सरकार को और मजबूत बनाएगा। कल का दिन उत्तर प्रदेश की सियासत में नए चेहरों और नई जिम्मेदारियों का गवाह बनेगा।



