आज पूरा देश ‘Operation Sindoor‘ की पहली वर्षगांठ मना रहा है। यह दिन न केवल आतंकवाद के विरुद्ध भारत की कठोर सैन्य रणनीति का प्रतीक है, बल्कि भारतीय सेना के इतिहास में ‘नारी शक्ति‘ के एक नए युग की शुरुआत भी है। इस मिशन का नाम ‘सिंदूर‘ दर्शाता है भारत की उन लाखों बहनों, माताओं और पत्नियों के सम्मान और स्वाभिमान के प्रतीक को, जिनके ‘सिंदूर‘ और सुहाग की रक्षा के लिए हमारे सैनिक सीमा पर डटे रहते हैं। यह नाम इस बात का प्रमाण है कि भारतीय बेटियां अब केवल घर की रक्षक नहीं, बल्कि सरहदों की रक्षक और काल का रूप भी हैं।
डिजिटल भारत का नमन: बदली प्रोफाइल तस्वीरें
सोशल मीडिया पर आज सुबह से ही ‘डिजिटल भारत‘ के नमन का एक अनोखा और प्रेरणादायी दृश्य देखने को मिल रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश के तमाम बड़े राजनेताओं, मुख्यमंत्रियों और महत्वपूर्ण सरकारी विभागों ने अपनी प्रोफाइल पिक्चर (DP) बदलकर ‘Operation Sindoor‘ के लोगो या स्मृति चित्र को समर्पित किया है। प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने अपनी प्रोफाइल फोटो बदलकर उन जांबाजों की वीरता को याद किया जिन्होंने राष्ट्र के लिए न्याय सुनिश्चित किया। इसी क्रम में विदेश मंत्री एस. जयशंकर और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के सोशल मीडिया हैंडल्स पर भी ‘न्यू प्रोफाइल पिक‘ (#NewProfilePic) के माध्यम से इस ऑपरेशन के संकल्प और राष्ट्र की सुरक्षा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को दोहराया गया है। लगभग सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों और विभिन्न केंद्रीय मंत्रालयों ने इस डिजिटल मुहिम में शामिल होकर एक सुर में देश की अखंडता के प्रति अपनी एकजुटता प्रदर्शित की है।राष्ट्र के नाम संदेश: वीरता और आत्मनिर्भरता का संगम
राष्ट्र के नाम संदेश: वीरता और आत्मनिर्भरता का संगम
‘Operation Sindoor‘ की पहली वर्षगांठ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर सेना के साहस को नमन किया। उन्होंने कहा, “एक साल पहले हमारे सशस्त्र बलों ने अद्वितीय साहस और सटीकता का परिचय दिया; यह ऑपरेशन आतंकवाद को हराने और उसके पारिस्थितिकी तंत्र (ecosystem) को नष्ट करने के हमारे अटूट संकल्प का प्रतिबिंब है।”
A year ago, our armed forces displayed unparalleled courage, precision and resolve during #OperationSindoor. They gave a fitting response to those who dared to attack innocent Indians at Pahalgam. The entire nation salutes our forces for their valour.
Operation Sindoor reflected…
— Narendra Modi (@narendramodi) May 7, 2026
वहीं, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस अभियान को आधुनिक सैन्य संचालन का मानक बताते हुए कहा, “Operation Sindoor राष्ट्रीय संकल्प और तत्परता का एक शक्तिशाली प्रतीक है, जो रक्षा क्षेत्र में बढ़ती ‘आत्मनिर्भरता‘ और सेनाओं के बीच सटीक समन्वय (Synergy) को प्रमाणित करता है।”
On the anniversary of Operation Sindoor, we salute the valour and sacrifices of our armed forces, whose courage and dedication continue to safeguard the nation. Their actions during the operation reflected unmatched precision, seamless jointness and deep synergy across services,… pic.twitter.com/r8pVDnEoYV
— Rajnath Singh (@rajnathsingh) May 7, 2026
नारी शक्ति का नेतृत्व: कर्नल सोफिया और विंग कमांडर व्योमिका

इस ऑपरेशन की सबसे बड़ी विशेषता इसका नेतृत्व था। पहली बार, किसी इतने बड़े रणनीतिक मिशन के फ्रंटलाइन और ब्रीफिंग का कमान महिलाओं के हाथ में थी:
विंग कमांडर व्योमिका सिंह: ‘आकाश की बेटी‘ कही जाने वाली व्योमिका ने मिराज-2000 (Mirage-2000) स्क्वाड्रन का नेतृत्व किया, जिसने दुश्मन के सीमा के भीतर घुसकर आतंकी ठिकानों पर सटीक एयरस्ट्राइक की।
कर्नल सोफिया कुरैशी: भारतीय सेना की जांबाज अधिकारी कर्नल सोफिया ने जमीनी स्तर पर इंटेलिजेंस और रणनीतिक तालमेल की कमान संभाली। उन्होंने पहली बार एक बड़े बटालियन-साइज कॉम्बैट यूनिट का नेतृत्व कर इतिहास रच दिया।
यह नारी शक्ति का बखूबी से प्रमाण साबित हुआ।
यह भी पढ़ें: https://ddnewsup.in/up-digital-census-2027-self-enumeration-process-and/




