West Bengal में आयोजित ‘विजय संकल्प सभा’ को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने West Bengal विधानसभा चुनाव में BJP की जीत का भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि पहले चरण की वोटिंग के बाद राज्य में बदलाव की लहर पर मुहर लग चुकी है। प्रधानमंत्री ने जनता का आभार जताते हुए कहा कि लोगों ने लोकतंत्र को फिर से मजबूत किया है। उनके अनुसार, पहले चरण में मिला समर्थन BJP की जीत की शुरुआत है और आने वाले चरणों में यह और मजबूत होगा।
TMC पर हमला, West Bengal में ‘महा जंगल राज’ का आरोप
प्रधानमंत्री ने सत्ताधारी TMC पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पार्टी ने लोकतंत्र को कमजोर किया है। उन्होंने कहा कि राज्य में “महा जंगल राज” का माहौल बना दिया गया है, जिसे जनता अब खत्म करना चाहती है। उन्होंने लोगों से अपील की कि दूसरे चरण में मतदान के दौरान BJP के पक्ष में वोट देकर इस बदलाव को और मजबूत करें। उनके मुताबिक, जनता अब एक नई दिशा चाहती है और चुनाव परिणाम इस बदलाव को साबित करेंगे।

हिंसा के आरोपों पर PM का हमला
पहले चरण की वोटिंग के दौरान हुई हिंसा को लेकर भी प्रधानमंत्री ने TMC पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि TMC अपनी हार को लेकर बेचैन है और इसी वजह से हिंसा का सहारा ले रही है। उन्होंने दावा किया कि पार्टी कार्यकर्ताओं को सड़कों पर उतरने के लिए उकसाया गया। इसी क्रम में BJP उम्मीदवार शुभेंदु सरकार ने भी आरोप लगाया कि उनके क्षेत्र में TMC कार्यकर्ताओं ने उन पर हमला किया और उनके एजेंटों को पोलिंग बूथ से हटाया गया। उन्होंने यह भी कहा कि हमले के दौरान केंद्रीय बल मौजूद नहीं थे।
उम्मीदवारों पर हमले और चुनावी माहौल
आसनसोल में BJP उम्मीदवार अग्निमित्रा पॉल की गाड़ी पर भी हमला होने का आरोप सामने आया। उन्होंने बताया कि रहमतनगर इलाके में उनकी गाड़ी पर पत्थर फेंका गया, जिससे वाहन का पिछला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना में उनकी टीम के एक सदस्य को मामूली चोटें आईं, जबकि वह और उनके सुरक्षाकर्मी सुरक्षित रहे। इन घटनाओं ने चुनावी माहौल को और तनावपूर्ण बना दिया है। उन्होंने बताया कि रहमतनगर इलाके में उनकी गाड़ी पर पत्थर फेंका गया, जिससे वाहन का पिछला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना में उनकी टीम के एक सदस्य को मामूली चोटें आईं, जबकि वह और उनके सुरक्षाकर्मी सुरक्षित रहे। इन घटनाओं ने चुनावी माहौल को और तनावपूर्ण बना दिया है।
मतदान प्रतिशत और अगले चरण की तैयारी
भारत निर्वाचन आयोग के अनुसार, पहले चरण में 91.91 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया। यह उच्च मतदान प्रतिशत चुनाव के प्रति लोगों की सक्रिय भागीदारी को दर्शाता है। अंत में, दूसरे चरण की वोटिंग नज़दीक आने के साथ ही West Bengal में चुनावी मुकाबला और तेज होता नजर आ रहा है। पहले चरण के बाद जिस तरह से राजनीतिक बयानबाज़ी और हिंसा के आरोप सामने आए हैं, उसने माहौल को और संवेदनशील बना दिया है। अब सभी की नजरें 29 अप्रैल को होने वाली वोटिंग और 4 मई के नतीजों पर टिकी हैं, जो राज्य की राजनीति की दिशा तय करेंगे।
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