जौनपुर। जब कोई जनप्रतिनिधि सरकार की “सबका साथ, सबका विकास” की भावना के साथ कार्य करता है, तो उसकी लोकप्रियता दलों और मतभेदों की सीमाओं से ऊपर उठ जाती है। जौनपुर जिले के सुइथाकला विकासखंड की ब्लॉक प्रमुख विद्या तिवारी इसी सोच और समर्पण की मिसाल बन चुकी हैं। उनकी कार्यशैली ने न केवल जनता का दिल जीता है बल्कि विपक्षी नेताओं को भी उनकी प्रशंसा करने पर मजबूर कर दिया है।
विद्या तिवारी ने अपने कार्यकाल में यह साबित किया है कि राजनीति में पारदर्शिता और समानता आज भी संभव है। चुनाव के दौरान जिन क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने उन्हें वोट नहीं दिया था, उनके वार्डों में भी प्रमुख ने बिना किसी भेदभाव के विकास कार्य कराए। यही कारण है कि आज क्षेत्र की जनता उन्हें एक सच्चे जनसेवक के रूप में देखती है।
रामनगर के मोहम्मद कलीम बताते हैं कि उन्होंने चुनाव में विद्या तिवारी को वोट नहीं दिया था, लेकिन प्रमुख बनने के बाद विद्या तिवारी ने उनके वार्ड में कई महत्वपूर्ण विकास कार्य करवाए। इस पहल से न केवल क्षेत्र की समस्याओं का समाधान हुआ बल्कि लोगों के मन में राजनीति के प्रति विश्वास भी बढ़ा।
रामनगर के ही सूफी अजमल का कहना है कि विद्या तिवारी ने जाति, धर्म और पार्टी की सीमाओं से ऊपर उठकर सभी के लिए समान रूप से कार्य किया है। उनके निर्णय और कार्यवाही पारदर्शी और जनहितकारी रहे हैं। उनका कहना है कि आज की राजनीति में ऐसा समर्पण बहुत दुर्लभ है।
कटघर निवासी श्रीकृष्ण दुबे बताते हैं कि विद्या तिवारी एक शालीन, विनम्र और दूरदर्शी महिला नेता हैं। उनके प्रतिनिधि के रूप में उनके बड़े बेटे डॉ. उमेश चंद्र तिवारी “गुरुजी” निरंतर क्षेत्र में जनसेवा के कार्यों में लगे रहते हैं। गुणवत्तापूर्ण विकास कार्यों को गति देने में उनका योगदान भी सराहनीय है।
घूरीपुर के अनूप त्रिपाठी के अनुसार, विद्या तिवारी ने हमेशा सार्वजनिक हित को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। निजी स्वार्थों को नकारते हुए उन्होंने समाजहित में कई योजनाओं को धरातल पर उतारा। वहीं चौबाहा के जितेंद्र तिवारी का कहना है कि सुइथाकला ब्लॉक को पहली बार कोई ऐसा प्रमुख मिला है जो बिना किसी दबाव और पक्षपात के पारदर्शी तरीके से काम कर रहा है।
उनका कहना है कि कुछ लोग व्यक्तिगत स्वार्थ न पूरे होने पर झूठे आरोप लगाकर प्रमुख की छवि खराब करने की कोशिश करते हैं, लेकिन जनता अब ऐसे चेहरों को पहचान चुकी है। सुइथाकला क्षेत्र के लोग विद्या तिवारी के प्रति गहरी आस्था और समर्थन रखते हैं।
फिलहाल विद्या तिवारी की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है। बताया गया है कि 92 वार्डों में से 85 वार्डों में विकास कार्य पूरे हो चुके हैं, जबकि शेष वार्डों में भी योजनाएं प्रस्तावित हैं।







