भारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने गुरुवार को #SkillTheNation एआई चैलेंज का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने ओडिशा के रायरांगपुर में इग्नू क्षेत्रीय केंद्र और कौशल केंद्र का वर्चुअल उद्घाटन भी किया। राष्ट्रपति ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) भारत के भविष्य को नई दिशा देने की ताकत रखती है। राष्ट्रपति भवन सांस्कृतिक केंद्र में आयोजित एक समारोह में बोलते हुए राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि AI दुनिया भर में अर्थव्यवस्थाओं और समाजों को नया आकार दे रही है। इससे लोगों के सीखने, काम करने और आधुनिक सेवाओं तक पहुंचने के तरीके तेजी से बदल रहे हैं।
AI बदलाव लाने का बड़ा अवसर: राष्ट्रपति मुर्मु
राष्ट्रपति मुर्मु ने कहा कि भारत जैसे युवा देश के लिए AI केवल एक तकनीक नहीं, बल्कि सकारात्मक और समावेशी बदलाव का एक बड़ा अवसर है। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे अपने ज्ञान और कौशल का उपयोग समाज की सेवा, समस्याओं के समाधान और लोगों को सशक्त बनाने में करें। उन्होंने कहा कि उभरती तकनीकों से जुड़ा यह दौर युवाओं के लिए नई संभावनाएं लेकर आया है और उन्हें भविष्य के लिए पूरी तरह तैयार होना चाहिए।

AI बनेगा अर्थव्यवस्था का मजबूत आधार, समावेशी तकनीकी भविष्य की जरूरत
राष्ट्रपति ने AI लर्निंग मॉड्यूल पूरा करने वाले सांसदों की सराहना करते हुए कहा कि यह निरंतर सीखने की भावना और जिम्मेदार नेतृत्व का उदाहरण है। उन्होंने कहा कि आने वाले दशक में AI भारत की जीडीपी बढ़ाने, रोजगार के नए अवसर पैदा करने और उत्पादकता को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगा।
राष्ट्रपति मुर्मु ने डेटा साइंस, AI इंजीनियरिंग और डेटा एनालिटिक्स जैसे कौशलों को भविष्य की जरूरत बताते हुए कहा कि मजबूत राष्ट्रीय प्रतिभा का निर्माण समय की मांग है। उन्होंने कहा कि सरकार, शिक्षण संस्थान, उद्योग और शिक्षाविद मिलकर यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि भारत न सिर्फ नई तकनीकों को अपनाए, बल्कि एक जिम्मेदार और समावेशी तकनीकी भविष्य का निर्माण भी करे।

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विकसित भारत की दिशा में कदम
राष्ट्रीय शिक्षा नीति का जिक्र करते हुए राष्ट्रपति ने देश को ज्ञान महाशक्ति बनाने और विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने के लिए सामूहिक प्रयासों का आह्वान किया।
यह कार्यक्रम कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय की ओर से आयोजित किया गया था, जो भारत के कार्यबल को AI-संचालित भविष्य के लिए तैयार करने की दिशा में सरकार की अहम पहल का हिस्सा है।







