Hapur robbery: पुलिस मुठभेड़ के बाद पांच बदमाश गिरफ्तार
31 जनवरी को नेशनल हाईवे-9 पर हुई 64 लाख रुपये की लूट की घटना ने पूरे इलाके को हिला दिया था। अब इस मामले में Hapur पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। अलसुबह कोतवाली पुलिस और स्वाट टीम की संयुक्त कार्रवाई में बदमाशों से मुठभेड़ हुई, जिसमें एक आरोपी गोली लगने से घायल हो गया। करीब 44.37 लाख रुपये नकद, स्कूटी-बाइक और अवैध असलहा भी बरामद किया गया है। एक आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।

सिखेड़ा बंबा पर घेराबंदी
घटना के बाद से Hapur पुलिस मुठभेड़ की तैयारी लगातार चल रही थी। क्षेत्राधिकारी राहुल यादव के मुताबिक, 31 जनवरी को एनएच-9 पर चावल व्यापारी के मुनीम से 64 लाख रुपये लूट लिए गए थे।
सूचना मिली कि वारदात में शामिल बदमाश बाइक पर सवार होकर सिखेड़ा बंबा की ओर से गुजरने वाले हैं। जैसे ही यह जानकारी मिली, Hapur स्वाट टीम और कोतवाली पुलिस ने संयुक्त चेकिंग अभियान शुरू कर दिया।
जब पुलिस ने संदिग्ध बाइक सवारों को रुकने का इशारा किया, तो बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में एक बदमाश गोली लगने से घायल हो गया।

घायल आरोपी की पहचान
मुठभेड़ में घायल आरोपी की पहचान गाजियाबाद निवासी रईस के रूप में हुई है। उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। उसके साथ चार अन्य बदमाशों को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने Hapur NH-9 लूट की वारदात में शामिल होने की बात कबूल की है। शुरुआती जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार बदमाशों के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं।
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44.37 लाख नकदी और हथियार बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लगभग 44.37 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। इसके अलावा एक स्कूटी, एक बाइक, अवैध तमंचे और जिंदा कारतूस भी मिले हैं।
Hapur नकदी बरामद होने के बाद पुलिस ने रकम और हथियारों को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि बाकी रकम की भी तलाश की जा रही है।
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कैसे हुई थी वारदात
31 जनवरी को Hapur चावल व्यापारी के मुनीम से हाईवे पर लूट की घटना हुई थी। बताया गया कि मुनीम बैंक में रकम जमा कराने जा रहा था। इसी दौरान बदमाशों ने उसे निशाना बनाया और 64 लाख रुपये लेकर फरार हो गए।
एसपी कुंवर ज्ञानंजय सिंह ने जानकारी दी कि राजस्थान के सीकर के रहने वाले राकेश, हापुड़ के कसेरठ बाजार निवासी वैभव शुक्ला के साथ मिलकर चावल का व्यापार करते हैं। 31 जनवरी की दोपहर उन्होंने हापुड़ के एचडीएफसी बैंक से 64 लाख रुपये निकाले। इसके बाद वे रकम से भरा बैग लेकर बाइक से दिल्ली में कुछ लोगों को भुगतान करने जा रहे थे। पिलखुवा में हाईवे-9 पर अनवरपुर कट के पास स्कूटी सवार तीन नकाबपोश बदमाशों ने उन्हें हथियार दिखाकर रोक लिया। हवा में फायरिंग कर आरोपियों ने नकदी से भरा बैग छीन लिया और छिजारसी टोल की दिशा में फरार हो गए। मामले के खुलासे के लिए पुलिस की आठ से अधिक टीमें लगाई गईं और सीसीटीवी व सर्विलांस की मदद से आरोपियों तक पहुंच बनाई गई।
एसपी ने बताया कि शुक्रवार तड़के पिलखुवा पुलिस और स्वॉट टीम सिखैड़ा बंबे के पास चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान बाइक पर सवार कुछ संदिग्ध दिखाई दिए। रोकने का प्रयास करने पर बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर भागने की कोशिश की। जवाबी कार्रवाई में एक आरोपी के पैर में गोली लगी। पुलिस ने कुल पांच बदमाशों को पकड़ लिया, जबकि एक अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। घायल आरोपी की पहचान रईस निवासी गांव तीतली (गौतमबुद्धनगर), दानिश निवासी मुरादनगर (गाजियाबाद), जुनैद निवासी कल्याणपुरी (दिल्ली), सरफराज निवासी गांव तीतली (गौतमबुद्धनगर) और रौनक निवासी गांव खगोई (सिंभावली) के रूप में हुई।
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फरार आरोपी की तलाश जारी, पुलिस की रणनीति और कार्रवाई
मुठभेड़ के दौरान एक आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा। Hapur फरार आरोपी की तलाश में पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। एसपी हापुड़ Kunwar Gyananjay Singh ने टीम को पुरस्कृत करते हुए फरार आरोपियों की तलाश तेज करने के निर्देश दिए हैं। आरोपियों के आपराधिक इतिहास की भी जांच की जा रही है। इस पूरे ऑपरेशन में स्थानीय पुलिस और स्वाट टीम के बीच तालमेल साफ दिखा। Hapur में इस तरह की बड़ी वारदात के बाद पुलिस ने सघन चेकिंग अभियान चलाया था। अधिकारियों के अनुसार, तकनीकी साक्ष्य और मुखबिरों की सूचना के आधार पर टीम ने जाल बिछाया। सिखेड़ा बंबा पर घेराबंदी इसी रणनीति का हिस्सा थी। पुलिस का कहना है कि हाईवे पर अपराध रोकने के लिए आगे भी गश्त और चेकिंग बढ़ाई जाएगी।
इलाके में सुरक्षा को लेकर चर्चा
एनएच-9 जैसे व्यस्त मार्ग पर दिनदहाड़े लूट की घटना ने लोगों में चिंता बढ़ा दी थी। लेकिन त्वरित कार्रवाई से अब कुछ हद तक भरोसा लौटा है। कुल मिलाकर, Hapur लूटकांड का खुलासा पुलिस के लिए बड़ी सफलता माना जा रहा है। पांच बदमाश गिरफ्तार हो चुके हैं और करीब 44 लाख रुपये बरामद किए जा चुके हैं। हालांकि एक आरोपी अभी फरार है, लेकिन पुलिस का कहना है कि उसकी तलाश तेज कर दी गई है। आने वाले दिनों में इस मामले में और खुलासे हो सकते हैं। फिलहाल, इस कार्रवाई से यह संदेश जरूर गया है कि अपराध करने के बाद बच निकलना आसान नहीं है।
