Ayodhya Ram Mandir : अयोध्या में इस बार दीपावली पर राम मंदिर की भव्यता एक अलग ही अंदाज में नजर आने वाली है। श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से मंदिर परिसर में फसाड लाइटिंग का काम तेजी से कराया जा रहा है। इस काम को दीपावली से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके बाद राम मंदिर, परकोटा और परिसर के पूरक मंदिर आकर्षक रोशनी से जगमगाते दिखाई देंगे।
दीपोत्सव के दसवें संस्करण को खास बनाने के लिए ट्रस्ट ने इस बार मंदिर परिसर को सजाने की विशेष तैयारी की है। रंग-बिरंगी लाइटों और झालरों के साथ फसाड लाइटिंग मंदिर की खूबसूरती को और बढ़ाएगी।
राम मंदिर फसाड लाइटिंग का काम अंतिम चरण में
अयोध्या के राम मंदिर में फसाड लाइटिंग का करीब 75 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। बाकी 25 प्रतिशत काम दीपावली से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए संबंधित कंपनी के कर्मचारी लगातार काम कर रहे हैं। फसाड लाइटिंग के तहत मंदिर की बाहरी संरचना, नक्काशी और वास्तुकला को खास रोशनी के माध्यम से उभारा जाता है। इससे मंदिर की बनावट रात में भी स्पष्ट दिखाई देती है और उसकी भव्यता बढ़ जाती है।
इस काम में बारीकी का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। मंदिर की वास्तुकला के अनुरूप लाइटिंग की व्यवस्था की जा रही है, ताकि रोशनी से इसकी सुंदरता और निखर सके।
मंदिर के मंडपों और मुख्य शिखर पर काम पूरा
राम मंदिर में फसाड लाइटिंग का काम प्रतिष्ठित इलेक्ट्रिक कंपनी हैवल्स को सौंपा गया है। कंपनी ने करीब तीन महीने पहले परिसर में काम शुरू किया था। इसके लिए लगभग 60 कर्मचारी अलग-अलग हिस्सों की प्रोफाइलिंग में जुटे हैं। कार्यदायी कंपनी के एक अधिकारी के मुताबिक, मंदिर के नृत्य मंडप, सभा मंडप, रंग मंडप, प्रार्थना मंडप और कीर्तन मंडप के साथ मुख्य शिखर की प्रोफाइलिंग पूरी कर ली गई है।
अब कुछ पूरक मंदिरों पर प्रोफाइलिंग का काम बाकी है। इसे पूरा करने के बाद लाइटिंग लगाने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। मंदिर की बनावट और बारीक डिजाइन को देखते हुए इस काम में सावधानी बरती जा रही है।
734 मीटर लंबे परकोटे पर भी लगेगी फसाड लाइट
राम मंदिर परिसर में केवल मुख्य मंदिर ही नहीं, बल्कि आसपास के दूसरे धार्मिक निर्माणों को भी रोशनी से सजाया जाएगा। ट्रस्ट ने सात पूरक मंदिरों और 734 मीटर लंबे परकोटे पर फसाड लाइटिंग कराने की योजना बनाई है। दीपावली के दौरान राम मंदिर के साथ परकोटा और पूरक मंदिर भी आकर्षण का केंद्र बनेंगे। इसके अलावा पूरे रामजन्मभूमि परिसर को रंग-बिरंगी लाइटों, झालरों और हेलोजन लाइटों से प्रकाशित करने की तैयारी है।
इससे परिसर का माहौल और भी भव्य दिखाई देगा। दीपोत्सव के दौरान अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं को मंदिर की वास्तुकला और सजावट का सुंदर नजारा देखने को मिल सकता है।
शेषावतार मंदिर की लाइटिंग बाद में होगी
ट्रस्ट की योजना के मुताबिक, परिसर के सभी हिस्सों में एक साथ फसाड लाइटिंग का काम पूरा नहीं किया जाएगा। शेषावतार मंदिर में फसाड लाइटिंग का काम दीपावली के बाद कराने पर विचार किया जा रहा है। वहीं, परकोटे के बाहर स्थित सप्तर्षि मंदिरों में फिलहाल फसाड लाइटिंग नहीं कराई जा रही है। दीपावली से पहले मुख्य मंदिर और निर्धारित हिस्सों को रोशनी से सजाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
दीपोत्सव में दिखेगी राम मंदिर की नई छटा
अयोध्या में दीपोत्सव हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों को आकर्षित करता है। इस बार राम मंदिर की फसाड लाइटिंग इस आयोजन की खास झलक बन सकती है। मंदिर की नक्काशी, मंडपों और शिखर पर पड़ने वाली रोशनी इसकी भव्यता को नए तरीके से सामने लाएगी। साथ ही, पूरे परिसर में की जाने वाली सजावट दीपावली के उत्सव को और खास बनाएगी।