बिहार के महनार विधानसभा क्षेत्र में बुधवार की शाम तेजप्रताप यादव पर हमले की खबर ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी। पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव के बड़े पुत्र और जनशक्ति जनता दल (JJD) के महुआ से उम्मीदवार तेजप्रताप यादव एक जनसभा को संबोधित करने के बाद लौट रहे थे। इसी दौरान राजद समर्थकों ने उनके काफिले के सामने लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव जिंदाबाद के नारे लगाए। कुछ लोगों ने लालटेन छाप जिंदाबाद के नारे भी लगाए, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
स्थानीय लोगों ने बताया कि यह हमला अचानक हुआ और गाड़ियों पर ईंट पत्थर चलाए गए। प्रशासन ने घटना के तुरंत बाद इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी और सभी राजनीतिक दलों को संयम बरतने की हिदायत दी। इस घटना ने महनार विधानसभा क्षेत्र की चुनावी हलचल को और तेज कर दिया है। राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि यह हमला चुनावी रणनीति और विरोधी दलों के बीच बढ़ते तनाव का परिणाम हो सकता है।
जय सिंह राठौड़ के आरोप और प्रतिक्रिया
जनशक्ति जनता दल महनार के प्रत्याशी जय सिंह राठौड़ ने आरोप लगाया कि राजद समर्थकों ने उनके काफिले पर ईंट पत्थर चलाए। उन्होंने कहा कि जब जनसभा संपन्न हो चुकी थी और वे लौट रहे थे, तभी कुछ असामाजिक तत्वों ने हमला किया। राठौड़ ने जोर देकर कहा कि यह पूरी घटना साजिश के तहत अंजाम दी गई है।
जय सिंह ने आरोप लगाया कि राजद ने चुनाव में बड़ी रकम खर्च की है और टिकट लेकर चुनावी मैदान में उतरे हैं। उन्होंने कहा, “अब इसी तरीके से हमला करके ‘जंगलराज’ स्थापित करना चाह रहे हैं, लेकिन ऐसा कुछ नहीं होने वाला। जनता सब जान चुकी है।” उन्होंने प्रशासन से सुरक्षा की मांग की और उम्मीद जताई कि आगामी चुनावी गतिविधियों के दौरान किसी तरह की हिंसा नहीं होगी।
चुनावी माहौल और सुरक्षा की मांग
इस घटना के बाद महनार विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक माहौल तनावपूर्ण हो गया है। स्थानीय लोग और राजनीतिक दल दोनों प्रशासन से सुरक्षा की मांग कर रहे हैं। राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। RJD समर्थक इस घटना को राजनीतिक झूठा प्रचार बता रहे हैं, वहीं JJD इसे साजिश और भय फैलाने का प्रयास मान रहा है।
विश्लेषकों का मानना है कि चुनाव के दौरान इस तरह की घटनाएं चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती हैं। प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है और प्रत्याशियों को सुरक्षित मतदान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। इस घटना ने बिहार में चुनावी माहौल की संवेदनशीलता को उजागर किया है और यह दिखाया कि हिंसा और राजनीतिक संघर्ष चुनाव के समय पर आम हो सकते हैं।
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✅ तेजप्रताप यादव पर हमला, RJD में बढ़ी कलह
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जनता और प्रशासन की प्रतिक्रिया
महनार में हुई इस घटना के बाद जनता में चिंता बढ़ी है। आम लोग चाहते हैं कि चुनाव शांतिपूर्ण ढंग से हो और लोकतांत्रिक प्रक्रिया बाधित न हो। तेजप्रताप यादव और जय सिंह राठौड़ ने स्पष्ट किया कि उनका अभियान लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण रहेगा।
प्रशासन ने सुरक्षा बढ़ाने के साथ-साथ चुनावी प्रक्रिया को निष्पक्ष और सुरक्षित बनाने के लिए कड़े कदम उठाने की घोषणा की है। इस घटना ने महनार विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक गतिविधियों और चुनावी रणनीतियों पर सभी की निगाहें टिका दी हैं। आगामी दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि राजनीतिक दल और प्रशासन मिलकर हिंसा पर काबू पाने में कितने सफल रहते हैं।