Kannauj जिले के चर्चित नाबालिग रेप कांड के आरोपी और पूर्व सपा नेता नबाब सिंह यादव पर प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। कन्नौज प्रशासन ने नबाब सिंह यादव और उसके भाई नीलू यादव की कुल आठ करोड़ पैंसठ लाख रुपये से अधिक की संपत्ति को कुर्क कर दिया है। यह पूरी कार्रवाई गैंगस्टर एक्ट के तहत भारी पुलिस बल की मौजूदगी में की गई। कन्नौज के उप जिलाधिकारी अवनीश कुमार ने बताया कि अवैध तरीके से अर्जित की गई संपत्तियों को चिन्हित कर उनको कुर्क करने की कार्रवाई की जा रही है। कार्रवाई के दौरान मौके पर लोगों की भारी भीड़ भी देखने को मिली। गौरतलब है कि नबाब सिंह यादव नाबालिग किशोरी से दुष्कर्म के गंभीर आरोप में जेल में बंद है, जबकि उसका भाई नीलू यादव साक्ष्य मिटाने और पीड़िता को धमकाने के मामले में आरोपी है।
प्रशासनिक टीम ने शुरू की कुर्की, कार्रवाई
रविवार सुबह प्रशासनिक अधिकारियों की एक टीम ने भारी पुलिस बल और राजस्व कर्मियों के साथ सबसे पहले मकरंदनगर स्थित नवाब सिंह यादव और नीलू यादव के हाते की पैमाइश की। इसके बाद गोमती देवी गर्ल्स इंटर कॉलेज के सामने स्थित संपत्ति को कुर्क करने की घोषणा की गई। बाद में राजस्व कर्मियों ने गेट पर ताला लगाकर हाते को सील कर दिया। इसके बाद प्रशासन की टीम ने मोहल्ला कुतुलूपुर, जेरकिला, मोहल्ला युसुफपुर भगवान, मोहल्ला तालवारन और सराय शाह मोहम्मद पहुंचकर वहां पर स्थित दोनों आरोपियों की संपत्तियों पर कुर्की की कार्रवाई की। प्रशासन ने इस दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो सके।

कुल 5 संपत्तियां हुईं कुर्क
डिप्टी कलेक्टर अविनाश गौतम ने इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि रविवार को दोनों आरोपियों की कुल 5 संपत्तियां कुर्क की गई हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 8.65 करोड़ रुपये है। उन्होंने बताया कि इससे पहले भी नवाब सिंह यादव की कुछ संपत्तियां कुर्क की जा चुकी हैं। वहीं सीओ सिटी अभिषेक प्रताप अजेय ने बताया कि यह कार्रवाई गिरोहबंद एवं असामाजिक क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम की धारा 14(1) के तहत की गई है।
नाबालिग रेप केस में कार्रवाई जारी
नवाब सिंह यादव और नीलू यादव के खिलाफ यह कार्रवाई एक बहुचर्चित नाबालिग से रेप के मामले में जेल भेजे जाने के बाद की जा रही है। जेल जाने के बाद दोनों भाइयों पर गैंगस्टर एक्ट सहित कई गंभीर मुकदमे दर्ज किए गए थे। इसके बाद से अपराध से अर्जित मानी जा रही संपत्तियों पर लगातार कुर्की की कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन के मुताबिक, अलग-अलग चरणों में अब तक करीब 12 से 13 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क की जा चुकी है। अधिकारियों का कहना है कि यदि और संपत्तियों का पता चलता है तो आगे भी इसी तरह की कार्रवाई की जाएगी।

अगले कदम और भविष्य की योजना
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि प्रशासन भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई जारी रखेगा। अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने अपनी योजना को और भी प्रभावी बनाने का संकल्प लिया है। प्रशासन का कहना है कि वे किसी भी प्रकार के दबाव में नहीं आएंगे और कानूनी प्रक्रिया के अनुसार कार्रवाई करते रहेंगे।
यह कार्रवाई यह संदेश देती है कि प्रशासन किसी भी अपराधी को बख्शेगा नहीं और कानून की ताकत से अपराधियों पर कड़ा शिकंजा कसने की पूरी तैयारी है।







