मेरठ, उत्तर प्रदेश:
मेरठ के विकास भवन सभागार में मंगलवार को पशुधन और दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह की अध्यक्षता में जनपद स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस दौरान जिले में चल रहे विकास कार्यों और विभिन्न सरकारी योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक में जिलाधिकारी ने मंत्री को जनपद में किए गए नवाचार, मिशन शक्ति, समर्थ उत्तर प्रदेश, विकसित उत्तर प्रदेश कार्यक्रम और इंटीग्रेटेड डेवलेपमेंट प्लान के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि “विकसित उत्तर प्रदेश” की परिकल्पना के अनुरूप “विकसित मेरठ” का लक्ष्य तय किया जाए और इसके लिए समग्र रणनीति बनाकर कार्य किया जाए।

धर्मपाल सिंह ने कहा कि अधिकारी और जनप्रतिनिधि मिलकर योजनाओं को धरातल पर उतारें, ताकि जनता को प्रत्यक्ष लाभ मिले। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय बढ़ाने और विकास कार्यों में पारदर्शिता बनाए रखने पर जोर दिया।
बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने अपनी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की और भविष्य की कार्ययोजनाओं के बारे में जानकारी दी। मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि समयबद्धता और गुणवत्ता दोनों का ध्यान रखते हुए विकास कार्य पूरे किए जाएं।
इस दौरान उन्होंने बरेली में हुई घटना पर भी प्रतिक्रिया दी। धर्मपाल सिंह ने कहा कि “कानून ने उपद्रवी तौकीर रज़ा को सही सबक सिखाया है। वे दंगा भड़काने में शामिल थे, और ऐसे लोगों को कानून के दायरे में लाना आवश्यक है।” उन्होंने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश सरकार कानून-व्यवस्था से समझौता नहीं करेगी और उपद्रवियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
बैठक के दौरान मेरठ के विकास कार्यों को तेज़ी से आगे बढ़ाने के लिए ठोस योजनाओं पर विचार-विमर्श हुआ। मंत्री ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिया कि “समर्थ उत्तर प्रदेश” और “मिशन शक्ति” जैसे कार्यक्रमों के लक्ष्यों को समय से पूरा करें और जनता के बीच योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करें।
धर्मपाल सिंह ने कहा कि मेरठ की ऐतिहासिक और औद्योगिक पहचान को ध्यान में रखते हुए विकास कार्यों की दिशा तय की जाएगी। उन्होंने आश्वस्त किया कि प्रदेश सरकार की नीतियों का लाभ हर वर्ग तक पहुंचाने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय रहेगा।

मेरठ की यह समीक्षा बैठक न केवल विकास योजनाओं की प्रगति का मूल्यांकन रही, बल्कि इसमें कानून-व्यवस्था और जनता के बीच विश्वास कायम रखने पर भी विशेष ध्यान दिया गया।
