लखनऊ: उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और बसपा सुप्रीमो मायावती ने आज मान्यवर कांशी राम की जयंती पर उन्हें नमन किया। लखनऊ में पार्टी कार्यकर्ताओं के भारी हुजूम के बीच मायावती ने साफ कर दिया कि उनकी पार्टी 2027 के विधानसभा चुनावों के लिए पूरी तरह तैयार है।
‘सपा का PDA प्रेम छलावा’ मायावती ने सपा के ‘PDA’ (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) नारे पर निशाना साधते हुए कहा कि यह सिर्फ वोट बटोरने का एक जरिया है। उन्होंने कहा कि दलित और पिछड़े वर्गों का असली हित केवल बसपा में ही सुरक्षित है। मायावती ने कार्यकर्ताओं से ‘लखनऊ चलो’ के आह्वान के साथ चुनावी बिगुल फूंक दिया है।
कांशी राम का मिशन और बसपा का संकल्प 15 मार्च, 1934 को जन्मे कांशी राम ने 1984 में बसपा की नींव रखी थी। मायावती ने उनके संघर्षों को याद करते हुए कहा कि कांशी राम जी ने जाति व्यवस्था की असमानताओं को चुनौती दी और शोषितों को राजनीतिक आवाज दी। बसपा प्रमुख ने संकल्प लिया कि पार्टी उनके सामाजिक परिवर्तन और आर्थिक मुक्ति के आंदोलन को और मजबूत करेगी।
