Lucknow में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता बढ़ाने और जनसाधारण तक स्वास्थ्य संबंधी जानकारी पहुंचाने के उद्देश्य से एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला की अध्यक्षता चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव, अमित कुमार घोष ने की। कार्यशाला का मुख्य विषय था "इफेक्टिव इम्पलीमेंटेशन ऑफ IEC और BCC प्लान टू प्रमोट हेल्थी बिहेवियर" (स्वस्थ व्यवहार को बढ़ावा देने के लिए IEC और BCC योजना का प्रभावी कार्यान्वयन)।
मुख्य बिंदु
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अपर मुख्य सचिव का संबोधन
स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव अमित कुमार घोष ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को बढ़ाने के लिए सूचना, शिक्षा और संचार (IEC) गतिविधियाँ अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने बताया कि इन गतिविधियों का उद्देश्य न केवल स्वास्थ्य संबंधी जानकारी को जन-जन तक पहुंचाना है, बल्कि समाज में स्वस्थ आदतों और व्यवहारों को भी बढ़ावा देना है। -
सहयोगी संस्थाओं के साथ मिलकर काम
अमित घोष ने यह भी बताया कि विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए सहयोगी संस्थाओं का सामूहिक प्रयास आवश्यक है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि प्रभात फेरी, नुक्कड़ नाटक और विद्यालयों से संपर्क करके उन लोगों तक टीकाकरण की जानकारी पहुंचाई जा सकती है, जो टीकाकरण से वंचित हैं।
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स्वास्थ्य कार्यक्रमों की महत्ता
कार्यशाला में यह भी चर्चा की गई कि कैसे नवजात एवं शिशु मृत्यु दर, मातृ मृत्यु दर को कम करने, टीकाकरण बढ़ाने और बच्चों व किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य और उनके स्वस्थ व्यवहारों को बढ़ावा देने के लिए IEC गतिविधियों का प्रभावी रूप से उपयोग किया जा सकता है। -
विशिष्ट भागीदारों की उपस्थिति
इस कार्यशाला में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की निदेशक डॉ. पिंकी जोवल, चिकित्सा स्वास्थ्य महानिदेशक और अन्य प्रमुख स्वास्थ्य अधिकारी भी उपस्थित थे। उन्होंने भी कार्यशाला में अपने विचार साझा किए और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार की दिशा में कार्य करने की आवश्यकता को बल दिया।
