लखनऊ में आज ब्रेस्ट कैंसर जागरूकता माह के अवसर पर एक विशेष वॉकाथन का आयोजन किया गया, जिसमें “अर्ली डिटेक्शन सेव्स लाइव्स” यानी समय पर जांच से ही जीवन की रक्षा संभव है का संदेश दिया गया। यह वॉकाथन परिवर्तन स्थल से शुरू होकर परिवर्तन चौक तक निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में महिलाएं, डॉक्टर, सामाजिक कार्यकर्ता, स्वयंसेवी संगठन और छात्र-छात्राएं शामिल हुए।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य था महिलाओं में ब्रेस्ट कैंसर को लेकर जागरूकता बढ़ाना और उन्हें यह समझाना कि समय पर जांच और उपचार से यह बीमारी पूरी तरह से ठीक की जा सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि भारत में हर साल लाखों महिलाएं ब्रेस्ट कैंसर की चपेट में आती हैं, जिनमें से कई मामले देर से जांच होने के कारण गंभीर रूप ले लेते हैं।
वॉकाथन के दौरान प्रतिभागियों ने हाथों में “अर्ली डिटेक्शन सेव्स लाइव्स”, “सेल्फ चेक इज केयर”, “वी केयर फॉर वूमन हेल्थ” जैसे स्लोगन वाले पोस्टर और बैनर थामे हुए थे। सभी ने शहरवासियों से अपील की कि वे अपनी बेटियों, बहनों और माताओं को नियमित जांच कराने के लिए प्रेरित करें।
इस अवसर पर आयोजित विंटेज कार रैली ने भी लोगों का ध्यान खींचा। गुलाबी रिबन और सजावट के साथ यह कार रैली शहर के कई प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी, जिसने अभियान को और भी आकर्षक बना दिया। इस पहल का मकसद था कि जागरूकता केवल अस्पतालों या संगठनों तक सीमित न रहे, बल्कि समाज के हर वर्ग तक पहुंचे।
कार्यक्रम का समापन 1090 चौराहे पर हुआ, जहां सभी प्रतिभागियों ने ब्रेस्ट कैंसर की रोकथाम और नियमित जांच कराने की सामूहिक प्रतिज्ञा ली। आयोजकों ने कहा कि महिलाओं के स्वास्थ्य को लेकर समाज में अभी भी पर्याप्त जागरूकता नहीं है, इसलिए ऐसे अभियान आवश्यक हैं जो न सिर्फ बीमारी की जानकारी दें, बल्कि इसके प्रति संवेदनशीलता भी बढ़ाएं।
लखनऊ में निकला यह वॉकाथन इस बात का प्रतीक है कि सामूहिक प्रयास और जागरूकता से ही कैंसर जैसी बीमारियों से जंग जीती जा सकती है।