बेंगलुरु के रिचमंड सर्कल स्थित कॉन्फिडेंट ग्रुप के ऑफिस में शुक्रवार दोपहर करीब 3:15 बजे एक सनसनीखेज घटना ने पूरे देश को हिलाकर रख दिया। इनकम टैक्स विभाग की छापेमारी के दौरान ग्रुप के चेयरमैन डॉ. चिरियनकांडथ जोसेफ रॉय (सी.जे. रॉय) ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। सी.जे. रॉय को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके पार्थिव शरीर को पोस्टमॉर्टम के लिए बॉवरिंग अस्पताल भेज दिया गया है। पुलिस ने मामले को फिलहल अप्राकृतिक मौत के रूप में दर्ज किया है और सभी पहलुओं की गहन जांच शुरू कर दी है।
घटना उस समय घटी जब पिछले तीन दिनों से कॉन्फिडेंट ग्रुप के दफ्तरों पर आयकर विभाग की टीम छापेमारी कर रही थी। अचानक गोली चलने की आवाज सुनकर ऑफिस में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर पहुंची पुलिस और आयकर अधिकारियों ने घटनास्थल को सील कर लिया। कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने इस घटना पर शोक व्यक्त करते हुए उच्चस्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं। पुलिस आयुक्त के अनुसार, जांच में हर कोण को परखा जा रहा है, जिसमें उकसावे की संभावना भी शामिल है।

बिजनेस टायकून की प्रोफाइल
कॉन्फिडेंट ग्रुप की स्थापना वर्ष 2005 में हुई थी। यह समूह रियल एस्टेट और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में कर्नाटक, केरल और दुबई में अपनी मजबूत पकड़ रखता है। कंपनी ने रिहायशी अपार्टमेंट, विला, कमर्शियल कॉम्प्लेक्स और मिक्स्ड-यूज प्रोजेक्ट्स विकसित किए हैं। डॉ. सीजे रॉय, मूल रूप से केरल के रहने वाले, कंपनी के सक्रिय चेयरमैन थे। वे ग्रोथ रणनीति और संचालन में अहम भूमिका निभाते थे। रियल एस्टेट के अलावा वे फिल्म प्रोड्यूसर भी थे।
सी.जे. रॉय के निधन की खबर फैलते ही कर्मचारियों, कारोबारी सहयोगियों और उद्योग जगत में शोक की लहर दौड़ गई। कई लोगों ने उन्हें मेहनती, अवसरों को पहचानने वाले और अनुशासित व्यवसायी के रूप में याद किया। कंपनी के दफ्तरों में कर्मचारी गमगीन दिखे। इस घटना ने बड़े कारोबारियों पर मानसिक दबाव की चर्चा फिर छेड़ दी है।
लग्जरी जीवनशैली और 9000 करोड़ की संपत्ति
सी.जे. रॉय शानो-शौकत और लग्जरी लाइफस्टाइल के लिए मशहूर थे। उनकी अनुमानित नेटवर्थ 9,000 करोड़ रुपये बताई जाती है। उनके पास एक प्राइवेट जेट और 200 से अधिक लग्जरी कारों का कलेक्शन था, जिसमें 12 रोल्स रॉयस कारें शामिल हैं। रॉय देश के सबसे अमीर रियल एस्टेट कारोबारियों में शुमार थे। उनका कारोबार न केवल भारत बल्कि दुबई तक फैला हुआ था।
परिवार का आरोप: मानसिक प्रताड़ना और दबाव
सी.जे. रॉय के बड़े भाई ने केंद्रीय एजेंसियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि आयकर विभाग के दबाव और मानसिक प्रताड़ना के कारण रॉय ने यह कदम उठाया। भाई के अनुसार, सी.जे. रॉय पर कोई कर्ज नहीं था और उनका व्यवसाय मजबूत स्थिति में था। परिवार ने अधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाया है। पुलिस इस दावे की भी जांच कर रही है।
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