उत्तर प्रदेश को खेलों के क्षेत्र में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को मेरठ के सलावा में निर्माणाधीन मेजर ध्यानचंद राज्य खेल विश्वविद्यालय का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय के दूसरे चरण के निर्माण कार्य को हर हाल में 31 मई 2026 तक पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए और स्पष्ट किया कि निर्माण गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
निरीक्षण के बाद अधिकारियों के साथ हुई समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि यह विश्वविद्यालय केवल एक शैक्षणिक संस्थान नहीं, बल्कि देश के खेल भविष्य को गढ़ने वाला केंद्र बनेगा। उन्होंने समयबद्धता, पारदर्शिता और उच्च गुणवत्ता को परियोजना की सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।

निर्माण कार्य को लेकर सख्त रुख
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोक निर्माण विभाग और कार्यदायी संस्थाओं को चेतावनी देते हुए कहा कि निर्माण कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिया कि 31 मई तक विश्वविद्यालय परिसर का निर्माण कार्य पूरा कर उसे हर दृष्टि से उपयोग के लिए तैयार किया जाए।
साथ ही, बरसात के मौसम को ध्यान में रखते हुए अभी से हरियाली और लैंडस्केपिंग की ठोस योजना बनाने को कहा, ताकि परिसर न केवल आधुनिक बल्कि पर्यावरण के अनुकूल भी हो।

फैकल्टी और कोचों की समय से नियुक्ति पर जोर
मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता को सर्वोपरि बताते हुए कहा कि प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही फैकल्टी और कोचों की नियुक्ति पूरी कर ली जाए। उन्होंने विशेष रूप से निर्देश दिए कि पहले वर्ष में ही प्रोफेसर और एसोसिएट प्रोफेसर स्तर की अनुभवी फैकल्टी उपलब्ध होनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब शिक्षक और कोच पहले से परिसर में मौजूद होंगे, तो सत्र शुरू होने से पहले ही शैक्षणिक और प्रशिक्षण गतिविधियां सुचारू रूप से प्रारंभ की जा सकेंगी। । खेलो इंडिया, फिट इंडिया मूवमेंट और सांसद खेल प्रतियोगिताओं ने खेलों को नई दिशा दी है। मेरठ क्रांति की धरती है और ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ को मजबूती मिली, इसलिए विश्वविद्यालय के लिए मेरठ चुना गया।

कुलपति आवास और प्रशासनिक व्यवस्थाएं
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने विश्वविद्यालय परिसर में कुलपति के लिए आवास निर्माण को भी प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कुलपति का परिसर में रहना प्रशासनिक निर्णयों और निर्माण कार्य की गति को तेज करने में सहायक होगा। साथ ही मुख्यमंत्री ने कुलपति से उनके अंतरराष्ट्रीय खेल अनुभवों का उपयोग विश्वविद्यालय के विकास और निर्माण प्रक्रिया में करने का भी आग्रह किया।
स्पोर्ट्स मेडिसिन और रिहैबिलिटेशन पर फोकस
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खेल विश्वविद्यालय में स्पोर्ट्स इंजरी (खेल चोटों) के उपचार और प्रबंधन के लिए मजबूत व्यवस्था की आवश्यकता पर विशेष बल दिया। उन्होंने निर्देश दिए कि विश्वविद्यालय के प्रारंभिक चरण से ही स्पोर्ट्स मेडिसिन और रिहैबिलिटेशन सेंटर को सक्रिय किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक खेलों में चोट प्रबंधन एक महत्वपूर्ण विषय है और यदि खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिलेंगी, तभी वे लंबे समय तक उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकेंगे।

2030 कॉमनवेल्थ और 2036 ओलंपिक को ध्यान में रख पाठ्यक्रम
मुख्यमंत्री ने कहा कि मेजर ध्यानचंद राज्य खेल विश्वविद्यालय को 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स और 2036 के ओलंपिक खेलों को ध्यान में रखते हुए विकसित किया जाए। इसके पाठ्यक्रम, प्रशिक्षण प्रणाली और खेल अवसंरचना को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाया जाए।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि विश्वविद्यालय का लक्ष्य केवल अधिक संख्या में खिलाड़ी तैयार करना नहीं, बल्कि उच्च गुणवत्ता वाले अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार करना होना चाहिए।
यह भी पढ़ें: Barabanki: आज़ादी के 78 साल बाद रोशन हुआ बाराबंकी का गढ़रियनपुरवा गांव! सौभाग्य योजना से गांव हुआ रौशन
‘जय हिंद’ बनेगा विश्वविद्यालय का आधिकारिक अभिवादन
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विश्वविद्यालय के नए लोगो, ध्वज, यूनिफॉर्म और अभिवादन शब्द का भी अनावरण किया। उन्होंने घोषणा की कि विश्वविद्यालय में सभी शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी और विद्यार्थी एक-दूसरे को ‘जय हिंद’ कहकर ही संबोधित करेंगे और उत्तर भी ‘जय हिंद’ से ही दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परंपरा भारतीय सेना में वर्षों से चली आ रही है और इससे राष्ट्रीय पहचान, एकता और देशभक्ति की भावना मजबूत होती है।
परियोजना का संक्षिप्त विवरण
-
भूमि क्षेत्रफल: 91.38 एकड़
-
कुल निर्मित क्षेत्र: 64,168 वर्ग मीटर
-
स्वीकृत राशि: 388.53 करोड़ रुपये
-
भौतिक प्रगति: 79.15%
-
अब तक व्यय: 208.02 करोड़ रुपये
यह भी पढ़ें: UP Diwas 2026: अमित शाह होंगे मुख्य अतिथि, संस्कृति, व्यंजन और विकास का भव्य जनोत्सव