बीएचयू का 105वां दीक्षांत समारोह शुक्रवार को औपचारिक रूप से शुरू हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत पहले अंग्रेज़ी और फिर हिंदी परिचय के साथ हुई। कुलपति प्रो. अजित कुमार चतुर्वेदी ने 29 गोल्ड मेडलिस्ट को अंग्रेज़ी में शपथ दिलाई। इसके बाद शिष्ट मंडल के सदस्यों ने अंग्रेज़ी में 544 मेडल और उपाधियों की घोषणा की।
अनुराधा द्विवेदी और तुहीन को चांसलर तथा महाराजा विभूति नारायण गोल्ड मेडल से सम्मानित किया गया। कुल 29 टॉपर्स को बीएचयू गोल्ड मेडल प्रदान किया गया। समारोह के दौरान 12,000 से अधिक छात्रों को उपाधियां दी जाएंगी। जो विद्यार्थी उपस्थित नहीं हो सके, उनकी ओर से कुलसचिव ने मंच से उपाधियों की घोषणा की।

डीजे डांस पर रोक, सुरक्षा के मद्देनज़र पुलिस व पीएसी तैनात
दीक्षांत समारोह के मुख्य अतिथि नीति आयोग के सदस्य डॉ. विजय कुमार सारस्वत हैं। विश्वविद्यालय परिसर में कार्यक्रम के दौरान डीजे डांस पर सख्त पाबंदी लगाई गई है। प्रतिबंध को प्रभावी बनाने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल और पीएसी तैनात की गई है।
सुबह 11 बजे स्वतंत्रता भवन सभागार में मुख्य कार्यक्रम शुरू हुआ, जिसमें बीएचयू के 16 संकायों में कुल 13,650 उपाधियां और 554 मेडल प्रदान किए जाने हैं। इनमें 712 पीएचडी, 5,459 पीजी, 7,364 यूजी उपाधियां, चार एमफिल और एक डी.लिट की उपाधि शामिल है।
दीक्षांत समारोह में उपस्थित न हो पाने वाले छात्रों को एक माह के भीतर पंजीकृत डाक के माध्यम से डिग्री उनके पते पर भेज दी जाएगी। परीक्षा नियंत्रक कार्यालय समारोह की तिथि के एक महीने बाद उपाधि भेजने की प्रक्रिया पूरी करेगा।

विज्ञान संकाय का अलग दीक्षांत समारोह दोपहर में
मुख्य कार्यक्रम के बाद शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे स्वतंत्रता भवन सभागार में विज्ञान संकाय का दीक्षांत समारोह शुरू होगा। इस सत्र में 3,000 से अधिक छात्रों को उपाधियां और मेडल प्रदान किए जाएंगे।







