पीएम मोदी और मॉरीशस के प्रधानमंत्री डॉ. नवीनचंद्र रामगुलाम के बीच सोमवार को फोन पर बातचीत हुई। इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत और मॉरीशस के बीच संबंधों को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई। बातचीत में आपसी सहयोग, क्षेत्रीय शांति और भविष्य की साझेदारी को लेकर कई अहम मुद्दों पर चर्चा की गई।
पीएम मोदी ने इस बातचीत की जानकारी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर साझा की। उन्होंने लिखा कि अपने मित्र प्रधानमंत्री डॉ. नवीनचंद्र रामगुलाम से फोन पर बात कर बहुत खुशी हुई। दोनों नेताओं ने पिछले साल वाराणसी में हुई मुलाकात के बाद से भारत और मॉरीशस के बीच हुए सहयोग की प्रगति की समीक्षा की।
Happy to receive a phone call from my friend, Prime Minister Dr. Navinchandra Ramgoolam. We reviewed progress in the wide-ranging cooperation between India and Mauritius since our memorable meeting in Varanasi last year. Reaffirmed our commitment to further strengthen the…
— Narendra Modi (@narendramodi) February 9, 2026
इस बातचीत के दौरान पीएम मोदी ने प्रधानमंत्री रामगुलाम को अगले सप्ताह भारत में आयोजित होने वाले ‘एआई इम्पैक्ट सम्मेलन’ में शामिल होने का निमंत्रण दिया। उन्होंने कहा कि वह भारत में उनका स्वागत करने को लेकर उत्सुक हैं। यह सम्मेलन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और नई तकनीकों के प्रभाव पर केंद्रित होगा, जिसमें दोनों देशों के बीच तकनीकी सहयोग को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
Thank you Prime Minister @narendramodi for this constructive exchange.
Mauritius and India remain firmly aligned in strengthening strategic cooperation across development, innovation and emerging technologies.
I look forward to deepening this collaboration at the AI Impact…
— Dr Navin Ramgoolam official (@Ramgoolam_Dr) February 9, 2026
पीएम मोदी ने कहा कि भारत और मॉरीशस के रिश्ते विशेष, ऐतिहासिक और जन-केंद्रित हैं। दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक, सामाजिक और आर्थिक संबंध लंबे समय से मजबूत रहे हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि आने वाले समय में यह साझेदारी और गहरी होगी।
दोनों नेताओं ने हिंद महासागर क्षेत्र में शांति और स्थिरता के साझा उद्देश्यों पर भी चर्चा की। पीएम मोदी ने कहा कि भारत और मॉरीशस इस क्षेत्र में सुरक्षा, स्थिरता और सहयोग को बढ़ावा देने के लिए मिलकर काम करते रहेंगे। यह क्षेत्र दोनों देशों के लिए रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।

गौरतलब है कि मार्च 2025 में पीएम मोदी ने मॉरीशस की यात्रा की थी। इसके बाद प्रधानमंत्री नवीनचंद्र रामगुलाम सितंबर 2025 में भारत की राजकीय यात्रा पर आए थे। यह उनके वर्तमान कार्यकाल की पहली विदेशी द्विपक्षीय यात्रा थी।
उस दौरान वाराणसी में दोनों देशों के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की बैठक हुई थी। इस बैठक में भारत और मॉरीशस ने अपनी उन्नत रणनीतिक साझेदारी की समीक्षा की थी और व्यापार, निवेश, समुद्री सुरक्षा, डिजिटल तकनीक और क्षमता निर्माण जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर सहमति बनी थी।