रिपोर्ट — नीरज शर्मा, अलीगढ़
केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में जीएसटी (वस्तु एवं सेवा कर) में किए गए संशोधन का असर पूरे देश के व्यापारिक समुदाय में देखने को मिल रहा है। उत्तर प्रदेश के औद्योगिक शहर अलीगढ़ में भी इस फैसले का व्यापक स्वागत किया जा रहा है। यहां के स्थानीय उद्यमियों ने कहा है कि यह संशोधन सरकार की व्यापार-हितैषी नीति को और मजबूत करता है।
अलीगढ़ के प्रमुख उद्यमियों और उद्योग विभाग के अधिकारियों ने कहा कि जीएसटी दरों में कमी और रिफंड प्रक्रिया में सुधार से व्यापारियों को बड़ी राहत मिली है। इससे जहां कारोबार का माहौल अनुकूल हुआ है, वहीं उपभोक्ताओं को भी रोजमर्रा की वस्तुओं पर टैक्स घटने से सीधा फायदा पहुंचा है।
सरकार का कदम उद्योगों के लिए बड़ा प्रोत्साहन — संयुक्त आयुक्त उद्योग वीरेंद्र सिंह
संयुक्त आयुक्त उद्योग वीरेंद्र सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि—
“केंद्र सरकार ने जो संशोधन किया है, उससे उद्योग जगत को नई ऊर्जा मिली है। अब छोटे और मध्यम स्तर के उद्यमियों को टैक्स प्रक्रिया में पारदर्शिता मिलेगी। यह सुधार निवेश और रोजगार के नए अवसर खोलने वाला है।”
उन्होंने आगे बताया कि अलीगढ़ जैसे औद्योगिक जिलों में जहां हार्डवेयर, ताले, और फर्नीचर निर्माण जैसे कारोबार प्रमुख हैं, वहां टैक्स दरों में राहत से उत्पादन की लागत कम होगी और बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी।
उद्यमियों ने जताया आभार — ‘सरकार ने सच्चे अर्थों में राहत दी’
लाभार्थी उद्यमी गौरव ने कहा कि—
“जीएसटी में संशोधन के बाद से हमें अपने काम में आसानी महसूस हो रही है। टैक्स अनुपालन सरल हुआ है और रिटर्न फाइलिंग प्रक्रिया में लगने वाला समय भी घटा है। सरकार ने व्यापारियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा किया है।”
वहीं, अशनीत पाल सिंह, जो इलेक्ट्रॉनिक पार्ट्स निर्माण के क्षेत्र से जुड़े हैं, ने कहा कि इस संशोधन से न केवल उद्योगों को लाभ होगा बल्कि उपभोक्ताओं के खर्च में भी कमी आएगी।
“अब उत्पाद की कीमतों में टैक्स का बोझ कम हुआ है, जिससे आम ग्राहक को भी राहत मिलेगी। सरकार का यह फैसला वास्तव में दोतरफा फायदा देने वाला है,” उन्होंने कहा।
‘उद्योग को नई दिशा मिली है’ — कपिल कुमार, लाभार्थी उद्यमी
अलीगढ़ के युवा उद्यमी कपिल कुमार का कहना है कि जीएसटी संशोधन से न केवल व्यापार बढ़ेगा बल्कि सरकार और उद्योग जगत के बीच भरोसा भी मजबूत होगा।
“पहले छोटे उद्योग टैक्स जटिलताओं के कारण परेशान रहते थे, लेकिन अब नियमों को आसान बनाकर सरकार ने ईमानदार कारोबारियों को प्रोत्साहित किया है। यह ‘Ease of Doing Business’ की दिशा में अहम कदम है,” उन्होंने कहा।
अलीगढ़ का औद्योगिक परिदृश्य हुआ मजबूत
अलीगढ़ लंबे समय से देश के हार्डवेयर उद्योग का एक प्रमुख केंद्र रहा है। यहां के ताले, ब्रास फिटिंग्स और धातु उत्पाद पूरे भारत और विदेशों में निर्यात किए जाते हैं। व्यापारियों का कहना है कि जीएसटी दरों में बदलाव से उत्पादन लागत कम होगी, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में अलीगढ़ के उत्पादों की प्रतिस्पर्धा और बढ़ेगी।
स्थानीय व्यापार मंडलों ने भी इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि सरकार की यह नीति मेक इन इंडिया मिशन को गति देने में सहायक साबित होगी।
उद्योग विभाग और व्यापारिक संगठनों की संयुक्त सराहना
संयुक्त आयुक्त वीरेंद्र सिंह ने यह भी बताया कि आने वाले समय में विभाग उद्योग प्रतिनिधियों के साथ संयुक्त बैठक करेगा, जिसमें नए टैक्स सुधारों के प्रभाव और कारोबारी संभावनाओं पर चर्चा की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य “कम टैक्स, ज्यादा पारदर्शिता” की नीति को जमीन पर उतारना है।
व्यापारिक संगठन और मंडल इस पहल को ऐतिहासिक बता रहे हैं। उनका कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में जीएसटी प्रणाली में यह सबसे बड़ा सकारात्मक सुधार है, जिससे बाजार में निवेश का माहौल बेहतर हुआ है।







