नए साल से पहले आस्था और धार्मिक मान्यताओं को लेकर एक नया विवाद सामने आया है, बॉलीवुड अभिनेत्री नुसरत भरूचा के महाकाल मंदिर में दर्शन-पूजन पर जहां उनके प्रशंसक इसे आस्था से जोड़कर देख रहे हैं, वहीं बरेलवी मौलाना ने इस पर कड़ी आपत्ति जताई है नए साल की शुरुआत से पहले देश भर के मंदिरों में आस्था का ज्वार उमड़ रहा है। नये साल की शुभ शुरुआत के लिए मंदिरों में दर्शनार्थियों की लंबी कतार लगी हैं। इस बीच बॉलीवुड एक्ट्रेस नुसरत भरूचा की उज्जैन स्थित महाकाल मंदिर में दर्शन-पूजन की इन तस्वीरों पर सोशल मीडिया से लेकर मजहबी हल्कों तक बहस छिड़ गई है।
महाकाल दर्शन पर क्यों मचा बवाल?
बॉलीवुड एक्ट्रेस नुसरत भरूचा एक बार फिर सुर्खियों में हैं, लेकिन इस बार वजह उनकी कोई फिल्म नहीं बल्कि धार्मिक यात्रा है। नए साल 2026 की शुरुआत से पहले नुसरत मध्यप्रदेश के उज्जैन स्थित महाकालेश्वर मंदिर पहुंचीं, जहां उन्होंने तड़के सुबह होने वाली भस्म आरती में हिस्सा लिया। उनका यह दौरा अब धार्मिक और सामाजिक बहस का मुद्दा बन गया है।

सुबह 4 बजे की भस्म आरती में दिखीं नुसरत
समाचार एजेंसी द्वारा जारी वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि नुसरत भरूचा सुबह करीब 4 बजे महाकाल मंदिर में पूजा-अर्चना में लीन नजर आ रही हैं। आरती के बाद मंदिर के पुजारियों ने उन्हें शॉल ओढ़ाकर सम्मानित भी किया। इस दौरान नुसरत पूरी श्रद्धा के साथ पूजा करती दिखाई दीं।
जैसे ही यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, वैसे ही लोगों की प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगीं। कुछ लोगों ने इसे धार्मिक सहिष्णुता का उदाहरण बताया, तो वहीं कुछ वर्गों ने इस पर आपत्ति जतानी शुरू कर दी।

मौलाना शहाबुद्दीन रजवी की तीखी प्रतिक्रिया
ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने नुसरत के मंदिर दर्शन पर कड़ा ऐतराज जताया है। उन्होंने कहा कि शरिया कानून के मुताबिक किसी मुस्लिम महिला का इस तरह पूजा करना और माथे पर चंदन लगाना गंभीर पाप की श्रेणी में आता है। मौलाना ने एक समाचार एजेंसी को दिए इंटरव्यू में कहा कि यह इस्लाम के नियमों के खिलाफ है और नुसरत को इसके लिए पश्चाताप करना चाहिए। इतना ही नहीं, उन्होंने यह मांग भी की कि एक्ट्रेस को दोबारा कलमा पढ़ना चाहिए।
फिलहाल इस विवाद पर नुसरत की कोई प्रतिक्रिया सामने नहीं आयी है हालांकि नुसरत ने महाकाल मंदिर में दर्शन के बाद वीडियो जारी कर ये बताया था कि ये दूसरा ऐसा मौका था जब वो महाकाल के दर्शन के लिए वहीं पहुंची थी। वीडियो में नुसरत ने ये भी बताया था कि वो आगे भी वहां दर्शन के लिए आती रहेंगी, वहीं बात मौलाना शहाबुद्दीन रजवी की करें तो हाल ही में मौलाना ने वीडियो जारी कर मुस्लिम समाज के लोगों से नए साल का जश्न न मनाने की अपील की थी… जिसके बाद से मौलाना के बयान को लेकर सोशल मीडिया से लेकर सियासी गलियारों में बहस छिड़ी हुई थी।
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